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रोहिंग्या मुस्लिमों के समर्थन में लखनऊ में उठी आवाज, पीएम को भेजेंगे खत
टीम डिजिटल/अमर उजाला, लखनऊ
Updated Fri, 15 Sep 2017 06:51 PM IST
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Rohingya
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म्यांमार के रखाइन प्रांत में रोहिंग्या मुसलमानों के खिलाफ हो रही हिंसा के विरोध में आज लखनऊ की ईमामबाड़ा और ईदागाह में नमाज के बाद लोगों ने विरोध प्रदर्शन किया गया।
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ईमामबाड़े के मौलाना कल्बे जव्वाद और ईदागाह के मौलाना खालिद रशीद फिरंगी महली ने मिलकर एक सुर में रोहिंग्या मुसलमानों पर हो रहे लगातार हमलों की निंदा की।
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उन्होंने कहा कि वह इस संबंध में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को ज्ञापन भेजेंगे कि वह वहां के मुसमानों की सुरक्षा सुनिश्चित करें। इसके अलावा अन्य संगठनों ने भी कई जगह नमाज के बाद विरोध प्रदर्शकर म्यांमार के मुस्लिमों के समर्थन में खड़े हुए।
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गौरतलब है म्यांमार में बड़ी संख्या में रोहिंग्या मुसलमानों पर हमले हो रहे हैं। इसके चलते वह बांग्लादेश की ओर पलायन कर रहे हैं, जहां उनकी हालत बहुत दयनीय है।
यहां 969 ग्रुप नाम का एक संगठन कथित तौर पर धार्मिक दुर्भावनाएं फैला रहा है। इसका नेतृत्व आसिन बेराथु नाम के एक बौद्ध भिक्षु करते हैं। उन्हें धार्मिक घृणा फैलाने के आरोप में 2003 में जेल की सजा हुई थी। वो 2012 में रिहा हुए थे। वो खुद को म्यांमार का ओसामा बिन लादेन बताते हैं।
2013 में मार्च में मेकटिला कस्बे में मुसलमानों पर उग्र भीड़ के हमले में 40 लोगों की मौत हो गई थी। हिंसा की शुरुआत सोने की एक दुकान से हुई थी। दोनों देशों में हुई हिंसा में आर्थिक संसाधनों को निशाना बनाया गया। यहां बहुसंख्यकों की महत्वाकांक्षाओं के लिए धार्मिक अल्पसंख्यकों को बलि का बकरा बनाया गया।