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अर्धसैनिक बल और रेलवे में नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी, एसटीएफ ने दो को दबोचा
Thu, 15 Jul 2021 01:31 PM IST
पंकज श्रीवास्तव
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
Published by: पंकज श्रीवास्तव
Updated Thu, 15 Jul 2021 01:31 PM IST
सार
आरोपियों के पास से चार आईटीबीपी के फर्जी ज्वॉइनिंग लेटर, सात रेलवे के, दो आईआरसीटीसी व एक एसएसबी का फर्जी ज्वॉइनिंग लेटर, एक आधार कार्ड, तीन मोबाइल, क्रेडिट कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस, दो डेविड कार्ड, एक धानी कार्ड और नकदी बरामद हुई है।
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बृजेंद्र और अंकित
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
एसटीएफ ने अर्धसैनिक बल और रेलवे सहित कई सरकारी संस्थानों में नौकरी दिलाने वाले के नाम पर ठगी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश किया है। इस गिरोह के दो सदस्यों को टीम ने दबोच लिया है। उनके पास से कई सरकारी संस्थानों के फर्जी ज्वॉइनिंग लेटर बरामद किए हैं। दोनों के खिलाफ गोमतीनगर थाने में मुकदमा दर्ज था।
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एसटीएफ के डिप्टी एसपी अवनीश्वर चंद्र श्रीवास्तव के मुताबिक, आईटीबीपी, रेलवे, आईआरसीटीसी, एसएसबी में नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी करने वाले गिरोह के खिलाफ गोमतीनगर थाने में मुकदमा दर्ज था। एसटीएफ एडीजी अमिताभ यश के निर्देश पर इस गिरोह का पर्दाफाश करने के लिए टीम लगाई गई। बुधवार को टीम ने दो जालसाजों को गोमतीनगर के हुसड़िया चौराहे के पास से गिरफ्तार किया। पकड़े गए आरोपियों में कानपुर बर्रा के गुंजन बिहार निवासी अंकित कटियार और दुबग्गा निवासी बृजेंद्र तिवारी उर्फ रित्विक शामिल हैं। पुलिस ने दोनों के पास से भारी मात्रा में कूटरचित दस्तावेज बरामद किए हैं।
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डिप्टी एसपी के मुताबिक, पकड़े गए जालसाज सरकारी वेबसाइट चेक करते थे। उस पर निकलने वाले सरकारी नौकरियों के बारे में जानकारी हासिल करते थे और फिर बेरोजगार युवकों को आवेदन करने के लिए प्रेरित करते थे। उनसे वादा करते थे कि 5 से 8 लाख रुपये देने के बाद नियुक्ति करा देंगे। जालसाजों की बातों में फंसकर बेरोजगार युवक लाखों रुपये दे देते थे। डिप्टी एसपी के मुताबिक, इस गिरोह ने 15 से 20 लोगों को ठगा है।
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यह सामान हुआ बरामद
डिप्टी एसपी अवनीश्वर श्रीवास्तव के मुताबिक, आरोपियों के पास से चार आईटीबीपी के फर्जी ज्वॉइनिंग लेटर, सात रेलवे के, दो आईआरसीटीसी व एक एसएसबी का फर्जी ज्वॉइनिंग लेटर, एक आधार कार्ड, तीन मोबाइल, क्रेडिट कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस, दो डेविड कार्ड, एक धानी कार्ड और नकदी बरामद हुई है। पुलिस ने सभी आरोपियों को जेल भेज दिया है।