एलडीए ने निजी बिल्डर्स के कब्जे से मुक्त कराई 1500 करोड़ रुपये की जमीन
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लखनऊ के गोमतीनगर विस्तार में एलडीए ने दो निजी बिल्डर्स के कब्जे में बनी हुई करीब 1500 करोड़ रुपये की जमीन खाली कराई। नया नक्शा पास कराए एक बिल्डर ने एलडीए और जिला प्रशासन के अधिकारियों की मिलीभगत से गलत चिन्हांकन करा जमीन पर कब्जा कर लिया था। इसके बाद बाउंड्रीवाल और दूसरे निर्माण भी यहां कर लिए गए। नजदीक में ही इंटीग्रेटेड टाउनशिप बसा रहे एक और बिल्डर ने आंशिक रूप से कब्जा कर रखा था। जांच में प्रकरण सामने आने के बाद उनके कब्जे से भी जमीन वापस ली गई। वीसी अभिषेक प्रकाश के आदेश पर कब्जा लेने के बाद चिन्हांकन के लिए खंभे और तारों की बेरीकेड भी करा दी गई जिससे भविष्य में कब्जा नहीं हो। इस जमीन पर अब एलडीए व्यावसायिक भूखंड विकसित कर नीलामी में बेचेगा।
वीसी अभिषेक प्रकाश ने बताया कि नदी किनारे मलेशेमऊ में एलडीए की करीब 90 एकड़ जमीन मौजूद है। पुलिस भवन से आगे मौजूद इस जमीन पर निजी बिल्डर ने कब्जा कर रखा था। जिला प्रशासन के साथ संयुक्त पैमाइश में इस जमीन के एलडीए द्वारा अर्जित किए जाने की जानकारी मिली। इसका मुआवजा भी एलडीए दे चुका है। जानकारी सामने आने के बाद सदर तहसील के साथ पैमाइश करा मौके पर ही अवैध कब्जा तोड़ दिया गया। एलडीए और तहसील के अधिकारियों ने यह कार्रवाई कराई। अब नियोजन विभाग को यहां का ले-आउट बनाकर व्यावसायिक भूखंड विकसित करने के लिए कह दिया गया है। व्यावसायिक सेल को भी जल्दी इन भूखंड को नीलामी में लगाकर बेचने के लिए कहा गया है। इससे हमारी नई योजनाओं के लिए बजट का इंतजाम हो सकेगा।
सरसवां में जमीन, मलेशेमऊ में कब्जा
बिल्डर के कारनामे का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि उसकी खुद की जमीन सरसवां में मौजूद है। इसका नक्शा भी एलडीए ने पास किया। उस जमीन को मलेशेमऊ में बिल्डर दिखा रहा था जोकि एलडीए ने अपनी योजना के लिए अर्जित की है। सरसवां की जमीन पर भी खुद ही बिल्डर काबिज है।
लग गया बोर्ड, जमीन एलडीए की
वीसी के आदेश पर अधिशासी अभियंता प्रताप शंकर मिश्रा ने खाली कराई जमीन पर एलडीए का बोर्ड भी लगवा दिया। इस पर वीसी केआदेश के साथ जमीन का स्वामित्व एलडीए का होने की जानकारी दी गई है। अभियंत्रण जोन-1 के अलावा अर्जन विभाग भी जमीन की निगरानी अब करेंगे।