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केजीएमयू में मरीज को घंटे भर नहीं मिल सका स्ट्रेेचर, उखड़ गई सांस, परिवार ने की सीएम पोर्टल पर शिकायत
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केजीएमयू में स्ट्रेचर के इंतजार में मरीज की मौत हो गई।
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लखनऊ। केजीएमयू पहुंचे गंभीर मरीज को घंटेभर तक स्ट्रेचर नहीं मिला। परिवारीजनों का आरोप है कि वे डॉक्टर व कर्मचारियों से मिन्नतें करते रहे, लेकिन सुनवाई नहीं हुई और मरीज की मौत हो गई। पूरे मामले की शिकायत मुख्यमंत्री पोर्टल पर की गई है।
राजधानी निवासी मनीष ने मुख्यमंत्री पोर्टल पर शिकायत कर बताया कि उनके पड़ोसी सौरभ अवस्थी की रविवार को तबीयत खराब हो गई। वह सौरभ को उनके घर वालों के साथ केजीएमयू ट्रॉमा सेंटर लेकर पहुंचे। आरोप है कि वहां डॉक्टरों ने मरीज को स्ट्रेचर पर लाने के लिए कहा। वह करीब घंटे भर होल्डिंग एरिया में स्ट्रेचर की तलाश करते रहे। चिकित्सकों व कर्मचारियों से गुहार लगाते रहे, लेकिन स्ट्रेचर नहीं मिला। काफी जद्दोजहद के बाद स्ट्रेचर मिला, लेकिन तब तक मरीज की मौत हो गई। मालूम हो कि केजीएमयू में स्ट्रेचर को लेकर अक्सर बवाल होता रहता है। केजीएमयू प्रशासन हर माह नए स्ट्रेचर की व्यवस्था की दावा तो करता है, लेकिन इसके बाद भी स्ट्रेचर की कमी लगातार बनी हुई है। यहां इधर-उधर जो स्ट्रेचर पड़े हैं वे टूटे हुए हैं।
...इनका दावा, स्ट्रेचर की कमी नहीं
केजीएमयू के मीडिया प्रभारी डॉ. सुधीर सिंह का दावा है कि ट्रॉमा सेंटर में स्ट्रेचर की कमी नहीं है। आरोप निराधार हैं। मरीज की मौत के संबंध में जानकारी नहीं मिली है। परिवारीजनों ने केजीएमयू में कोई शिकायत नहीं की है।
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राजधानी निवासी मनीष ने मुख्यमंत्री पोर्टल पर शिकायत कर बताया कि उनके पड़ोसी सौरभ अवस्थी की रविवार को तबीयत खराब हो गई। वह सौरभ को उनके घर वालों के साथ केजीएमयू ट्रॉमा सेंटर लेकर पहुंचे। आरोप है कि वहां डॉक्टरों ने मरीज को स्ट्रेचर पर लाने के लिए कहा। वह करीब घंटे भर होल्डिंग एरिया में स्ट्रेचर की तलाश करते रहे। चिकित्सकों व कर्मचारियों से गुहार लगाते रहे, लेकिन स्ट्रेचर नहीं मिला। काफी जद्दोजहद के बाद स्ट्रेचर मिला, लेकिन तब तक मरीज की मौत हो गई। मालूम हो कि केजीएमयू में स्ट्रेचर को लेकर अक्सर बवाल होता रहता है। केजीएमयू प्रशासन हर माह नए स्ट्रेचर की व्यवस्था की दावा तो करता है, लेकिन इसके बाद भी स्ट्रेचर की कमी लगातार बनी हुई है। यहां इधर-उधर जो स्ट्रेचर पड़े हैं वे टूटे हुए हैं।
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...इनका दावा, स्ट्रेचर की कमी नहीं
केजीएमयू के मीडिया प्रभारी डॉ. सुधीर सिंह का दावा है कि ट्रॉमा सेंटर में स्ट्रेचर की कमी नहीं है। आरोप निराधार हैं। मरीज की मौत के संबंध में जानकारी नहीं मिली है। परिवारीजनों ने केजीएमयू में कोई शिकायत नहीं की है।
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