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KGMU: छह को खड़ा हो सकता है इलाज पर संकट, कर्मचारियों ने दी ओपीडी ठप करने की चेतावनी
Sat, 03 Sep 2022 06:12 PM IST
ishwar ashish
माई सिटी रिपोर्टर, अमर उजाला, लखनऊ
माई सिटी रिपोर्टर, अमर उजाला, लखनऊ
Published by: ishwar ashish
Updated Sat, 03 Sep 2022 06:12 PM IST
सार
शिक्षकों से पहले केजीएमयू कर्मचारियों ने ओपीडी ठप करने की चेतावनी दी है। इसे लेकर कुलपति व शासन को पत्र भेजा जा चुका है।
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- फोटो : amar ujala
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विस्तार
केजीएमयू में शिक्षक और कर्मचारी दोनों आंदोलनरत हैं। शिक्षकों ने सातवें वेतनमान के हिसाब से संशोधित पे-मैट्रिक्स की मांग पर पांच सितंबर तक काला फीता बांधने का कार्यक्रम तय कर रखा है।
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इसके बाद छह सितंबर को आम सभा की बैठक बुलाकर उसमें ओपीडी बंद करने के संबंध में निर्णय करने की बात कही है। वहीं कर्मचारियों ने एक कदम आगे बढ़ते हुए छह सितंबर को आकस्मिक सेवाओं को छोड़कर अन्य सभी सेवाएं ठप करने की चेतावनी दी है। इसको लेकर कुलपति, कुलसचिव और शासन को भी पत्र भेज दिया गया है।
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केजीएमयू कर्मचारी परिषद के अध्यक्ष विकास सिंह के अनुसार केजीएमयू कुलपति ने चार अगस्त को हुई वार्ता में उनकी मांग पूरी करने का आश्वासन दिया था। मांग पूरी न होने पर कर्मचारियों ने धरना-प्रदर्शन और घेराव की घोषणा की है। इस बीच आजादी का अमृत महोत्सव के तहत विभिन्न कार्यक्रम होने थे। इसे देखते हुए कर्मचारियों ने अपना विरोध प्रदर्शन कुछ दिन के लिए टाल दिया।
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अमृत महोत्सव के समापन के बाद कर्मचारी परिषद की ओर से एक बार फिर से केजीएमयू प्रशासन को पत्र दिया गया है। इसमें साफ चेतावनी दी गई है कि छह सितंबर को सभी कर्मचारी आकस्मिक सेवाओं को छोड़कर बाकी पूरा कामकाज ठप कर देंगे। इसमें अब सिर्फ दो दिन का समय ही बाकी रह गया है। इसके बाद संस्थान में इलाज पर संकट खड़ा हो सकता है।