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Lucknow News: नाना की वजह से ही मिला नाम और काम
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शम्मी सक्सेना
अभिषेक सहज
नाना की मिमिक्री कर पूरे देश में मशहूर हुए शम्मी सक्सेना ने ब्रेन ट्यूमर की बीमारी से जूझने के बावजूद दी श्रद्धांजलि
लखनऊ। नाना पाटेकर की मिमिक्री के सहारे मुंबई तक का सफर तय करने वाले शहर के कलाकार शम्मी सक्सेना लंबे समय से ब्रेन ट्यूमर जैसी गंभीर बीमारी से जूझ रहे हैं। बृहस्पतिवार को नाना के देहांत की खबर सुनकर वे रो पड़े। बोले- उनकी वजह से ही मुझे इतना नाम और काम मिला, उनका जाना मेरे लिए बड़े सदमे की तरह है। गंभीर हालत में भी उन्होंने बृहस्पतिवार को नाना पाटेकर की मिमिक्री कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी।
लखनऊ के नाना के नाम से मशहूर 64 वर्षीय शम्मी ने बताया कि 1987 में नाना पाटेकर की फिल्म प्रतिघात आई थी। उसे देखने के बाद ही वे उनके फैन हो गए और नाना की मिमिक्री करने लगे। नाना के जैसा ही उन्होंने गेटअप भी बना लिया। कई बार लोग उन्हें पहचान ही नहीं पाते थे। वह गणपति पूजा के मौके पर पत्नी अर्चना शुक्ला के साथ नाना पाटेकर के घर उनसे मिलने मुंबई पहुंचे। नाना भी उन्हें देखकर दंग रह गए और उनके काम की तारीफ की। इसके बाद शम्मी को मुंबई में काम मिलने लगा और कई फिल्मों में उन्होंने अभिनय किया। अर्चना ने बताया कि वे और शम्मी जब भी मुंबई में नाना पाटेकर के घर जाते थे तो वहां न सिर्फ नाना बल्कि उनके बेटे मल्हार और परिवार के सभी सदस्य हमारा मन से स्वागत करते थे। 2023 में ब्रेन ट्यूमर होने के बाद शम्मी का ऑपरेशन हुआ। इसके बाद 2025 में फिर ब्रेन ट्यूमर का ऑपरेशन हुआ। जब शम्मी की तबीयत खराब हुई तब भी नाना ने हालचाल लिया था। इस समय वे बीमार हैं लेकिन नाना के निधन की खबर सुनकर वे दुखी हो गए और रोने लगे।
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नाना की मिमिक्री कर पूरे देश में मशहूर हुए शम्मी सक्सेना ने ब्रेन ट्यूमर की बीमारी से जूझने के बावजूद दी श्रद्धांजलि
लखनऊ। नाना पाटेकर की मिमिक्री के सहारे मुंबई तक का सफर तय करने वाले शहर के कलाकार शम्मी सक्सेना लंबे समय से ब्रेन ट्यूमर जैसी गंभीर बीमारी से जूझ रहे हैं। बृहस्पतिवार को नाना के देहांत की खबर सुनकर वे रो पड़े। बोले- उनकी वजह से ही मुझे इतना नाम और काम मिला, उनका जाना मेरे लिए बड़े सदमे की तरह है। गंभीर हालत में भी उन्होंने बृहस्पतिवार को नाना पाटेकर की मिमिक्री कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी।
लखनऊ के नाना के नाम से मशहूर 64 वर्षीय शम्मी ने बताया कि 1987 में नाना पाटेकर की फिल्म प्रतिघात आई थी। उसे देखने के बाद ही वे उनके फैन हो गए और नाना की मिमिक्री करने लगे। नाना के जैसा ही उन्होंने गेटअप भी बना लिया। कई बार लोग उन्हें पहचान ही नहीं पाते थे। वह गणपति पूजा के मौके पर पत्नी अर्चना शुक्ला के साथ नाना पाटेकर के घर उनसे मिलने मुंबई पहुंचे। नाना भी उन्हें देखकर दंग रह गए और उनके काम की तारीफ की। इसके बाद शम्मी को मुंबई में काम मिलने लगा और कई फिल्मों में उन्होंने अभिनय किया। अर्चना ने बताया कि वे और शम्मी जब भी मुंबई में नाना पाटेकर के घर जाते थे तो वहां न सिर्फ नाना बल्कि उनके बेटे मल्हार और परिवार के सभी सदस्य हमारा मन से स्वागत करते थे। 2023 में ब्रेन ट्यूमर होने के बाद शम्मी का ऑपरेशन हुआ। इसके बाद 2025 में फिर ब्रेन ट्यूमर का ऑपरेशन हुआ। जब शम्मी की तबीयत खराब हुई तब भी नाना ने हालचाल लिया था। इस समय वे बीमार हैं लेकिन नाना के निधन की खबर सुनकर वे दुखी हो गए और रोने लगे।
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शम्मी सक्सेना

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