{"_id":"62ccb563c03a1e7bba0bc3b7","slug":"hearing-on-appeal-against-acquittal-of-ajay-mishra-teni-on-20th-ashish-hearing-tomorrow","type":"story","status":"publish","title_hn":"UP News : अजय मिश्र टेनी को बरी करने के खिलाफ अपील पर सुनवाई 20 को, आशीष की जमानत पर कल पेशी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
UP News : अजय मिश्र टेनी को बरी करने के खिलाफ अपील पर सुनवाई 20 को, आशीष की जमानत पर कल पेशी
Tue, 12 Jul 2022 05:12 AM IST
दुष्यंत शर्मा
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
Published by: दुष्यंत शर्मा
Updated Tue, 12 Jul 2022 05:12 AM IST
सार
इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ पीठ ने लखीमपुर खीरी हिंसा मामले में केंद्रीय मंत्री अजय मिश्र टेनी के पुत्र और मुख्य आरोपी आशीष मिश्र की जमानत अर्जी पर सुनवाई कल होनी है।
विज्ञापन
आशीष मिश्र और अजय मिश्र टेनी
- फोटो : Amar Ujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ पीठ ने केंद्रीय राज्यमंत्री अजय मिश्र उर्फ टेनी को हत्या के मामले में बरी किए जाने के खिलाफ राज्य सरकार की ओर से दाखिल की गई अपील पर अंतिम सुनवाई 20 जुलाई को होगी।
विज्ञापन
न्यायमूर्ति रमेश सिन्हा व न्यायमूर्ति सरोज यादव की खंडपीठ ने यह आदेश सरकार की अपील पर दिया है। हाईकोर्ट में सुनवाई के दौरान सोमवार को टेनी के अधिवक्ता ने समय देने के आग्रह पर अगली सुनवाई 20 जुलाई को नियत कर दी।
विज्ञापन
लखीमपुर खीरी के तिकुनिया थाना क्षेत्र में वर्ष 2000 में एक युवक प्रभात गुप्ता की गोली मार कर हत्या कर दी थी। मामले में अन्य अभियुक्तों संग टेनी भी नामजद थे। सत्र अदालत ने साक्ष्यों के अभाव में 2004 में बरी कर दिया था।
विज्ञापन
आशीष की जमानत अर्जी पर सुनवाई कल
इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ पीठ ने लखीमपुर खीरी हिंसा मामले में केंद्रीय मंत्री अजय मिश्र टेनी के पुत्र और मुख्य आरोपी आशीष मिश्र की जमानत अर्जी पर सुनवाई 13 जुलाई को नियत की है। सोमवार को न्यायमूर्ति कृष्ण पहल की एकल पीठ के समक्ष मामले की सुनवाई हुई।
इसमें राज्य सरकार की ओर से अपर महाधिवक्ता विनोद कुमार शाही और पक्षकारों के वकील पेश हुए। इससे पूर्व सुप्रीम कोर्ट ने हाईकोर्ट से मंजूर आशीष की जमानत को खारिज करते हुए उसे सरेंडर करने का आदेश दिया था। साथ ही मामले में हाईकोर्ट को आशीष की जमानत पर नए सिरे से विचार करने को कहा था।