आग से तबाह हो गया पूरा गांव, 70 घर राख
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गंगा बैराज से सटे कटरी के कल्लूपुवा गांव में सोमवार सुबह चूल्हे की चिंगारी से लगी आग में 70 घर जलकर राख हो गए। कच्चे और छप्पर के घर होने के कारण देखते ही देखते पूरा गांव आग की चपेट आ गया।
जब तक फायर ब्रिगेड पहुंची, तब तक सब कुछ तबाह हो गया। बाद में दमकल की दो गाड़ियों ने आग पर पूरी तरह से काबू पाया।
गंगा बैराज के ठीक बगल में कल्लूपुरवा गांव है। गांव में लगभग 70 परिवार छप्पर के घर बनाकर रहते हैं। गांव के सभी लोगों की आय का मुख्य साधन गंगा किनारे रेत में खीरा, ककड़ी और तरबूज की खेती है।
खीरा-ककड़ी तोड़ने के बाद बाजार गए थे
सोमवार सुबह अधिकतर लोग खीरा-ककड़ी तोड़ने के बाद बाजार में बेचने गए थे। इसी दौरान गांव के एक घर में चूल्हे की चिंगारी से आग लग गई और छप्पर धू-धू कर जलने लगा।
घर में मौजूद महिलाओं ने भागकर खुद को सुरक्षित किया। देखते ही देखते आग ने गांव के सभी घरों को चपेट में ले लिया। गांव के देवी प्रसाद, बृद्घीलाल, संतोष हलवाई, बनवारी लाल, रामनाथ, रामकिशन, लालू प्रसाद, दयाराम विकास कश्यप, कमल, बौली सहित एक के बाद एक 70 घर जलकर खाक हो गए। भीषण आग की चपेट में आने से गांव के दो पक्के घर भी नहीं बच पाए।
ज्वैलरी, रुपये, कपड़े सब खाक
गृहस्थी जलने के साथ ही लेंटर और दीवारें सब चिटक गईं। बाद में फायर ब्रिगेड की दो गाड़ियों ने आग बुझाई। घर जलने से ग्रामीणों के रुपये, ज्वैलरी, कपड़े सब खाक हो गया।
एसडीएम सदर डीडी वर्मा, एसीएम, तहसीलदार, कोहना पुलिस सहित अन्य प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे और किसानों को मुआवजे का आश्वासन दिया।
एसडीएम, कानूनगो ने ग्रामीणों को मुआवजा दिलाने के लिए सूचीबद्घ किया। ग्रामीणों के लिए भोजन भी बनवाया गया। देर शाम तक प्रशासनिक अधिकारी गांव में बने रहे।