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लखनऊ: सरकारी अस्पतालों में इमरजेंसी जांचें भी बंद, परेशान घूमते रहे मरीज
Tue, 24 Mar 2020 04:39 PM IST
ishwar ashish
न्यूज डेस्क/अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क/अमर उजाला, लखनऊ
Published by: ishwar ashish
Updated Tue, 24 Mar 2020 04:39 PM IST
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प्रतीकात्मक तस्वीर
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लखनऊ के सरकारी अस्पताल में खून की जांच में वेटिंग के बाद अब इमरजेंसी में होने वाली खून की जांचें भी बंद हो गई हैं। सोमवार को जांच के लिए पहुंचे मरीजों को निराश लौटना पड़ा।
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वहीं रात में होने वाली इमरजेंसी जांचें भी बंद हो गई हैं। इससे तीमारदार सैंपल लेकर निजी सेंटर जा रहे है। वहीं मरीजों को खून की जांच के लिए दो से चार दिन बाद की तारीख दी जा रही है।
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बलरामपुर, सिविल, लोकबंधु, रानीलक्ष्मीबाई समेत महिला अस्पताल में रात में आने गंभीर मरीजों की जांच प्रभावित हो गई है। जांच के लिए निजी सेंटर पर जाना पड़ रहा है। इससे तीमारदारों को अपनी जेबें ढीली करनी पड़ रही है।
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ये खून की जांचें अभी तक मुफ्त में हो रही थी। स्टाफ न होने से जांच का काम प्रभावित है।
अप्रशिक्षित कर्मी नहीं कर पा रहे बार कोडिंग
सरकारी अस्पतालों में मरीजों की खून की जांच के लिए अप्रशिक्षित कर्मचारियों को लगाया गया है। मरीजों की माने तो कर्मचारी सही से काम नहीं कर पा रहे है। कभी मरीज का नाम गलत लिखा जा रहा है तो कभी रिपोर्ट में गड़बड़ी मिल रही है। इससे मरीजों को परेशान होना पड़ रहा है।
निजी कंपनी के कर्मचारी हटाने से प्रभाव
सरकारी अस्पतालों में खून की तमाम जांचें निजी कंपनी पीओसीटी के लैब टेक्नीशियन कर रहे थे। शासन के निर्देश पर इन कर्मचारियों को नौकरी से ही हटा दिया गया है। इससे मरीजों की जांच पर प्रभावित हो रही है। मजबूरी में मरीजों को निजी पैथोलॉजी में अधिक कीमत चुकाकर जांच करानी पड़ रही है।
निजी कंपनी के कर्मचारी हटाने से प्रभाव
सरकारी अस्पतालों में खून की तमाम जांचें निजी कंपनी पीओसीटी के लैब टेक्नीशियन कर रहे थे। शासन के निर्देश पर इन कर्मचारियों को नौकरी से ही हटा दिया गया है। इससे मरीजों की जांच पर प्रभावित हो रही है। मजबूरी में मरीजों को निजी पैथोलॉजी में अधिक कीमत चुकाकर जांच करानी पड़ रही है।
केजीएमयू में 24 घंटे चलेगी फीवर क्लीनिक
सीएमएस प्रोफेसर एसएन शंखवार ने बताया कि केजीएमयू में अब 24 घंटे फीवर क्लीनिक चलाने का फैसला किया गया है। इससे मरीजों को काफी राहत मिलेगी और सुबह की ओपीडी में अनावश्यक भीड़ नहीं जुटेगी।
इसी तरह अब फीवर क्लीनिक को फिर से न्यू ओपीडी में संचालित करने का फैसला लिया गया है। लोहिया संस्थान के निदेशक डॉम् डीएस नेगी ने भी अपनी जांच कराई है, वह कनिका कपूर के सीधे संपर्क में नहीं थे लेकिन कनिका कपूर से मिलने के बाद चिकित्सा मंत्री के साथ हुई बैठक में शामिल थे।
अलग-अलग टीमें बनाई जा रहीं
केजीएमयू में लगेगी अलग-अलग टीम कोरोना वायरस के मरीजों के इलाज में लगी डॉक्टरों और रेजिडेंट एवं नर्सिंग कर्मियों की अलग-अलग कई टीमें बनाई जा रही हैं। तय किया जा रहा है कि आइसोलेशन वार्ड और कोरोना ओपीडी में अलग अलग टीमों की ड्यूटी एक-एक सप्ताह के लिए लगाई जाए । इससे जूनियर डॉक्टरों का उत्साह बना रहेगा और उनमें भय नहीं होगा। फिलहाल केजीएमयू प्रशासन टीम बनाने में जुटा है।
इसी तरह अब फीवर क्लीनिक को फिर से न्यू ओपीडी में संचालित करने का फैसला लिया गया है। लोहिया संस्थान के निदेशक डॉम् डीएस नेगी ने भी अपनी जांच कराई है, वह कनिका कपूर के सीधे संपर्क में नहीं थे लेकिन कनिका कपूर से मिलने के बाद चिकित्सा मंत्री के साथ हुई बैठक में शामिल थे।
अलग-अलग टीमें बनाई जा रहीं
केजीएमयू में लगेगी अलग-अलग टीम कोरोना वायरस के मरीजों के इलाज में लगी डॉक्टरों और रेजिडेंट एवं नर्सिंग कर्मियों की अलग-अलग कई टीमें बनाई जा रही हैं। तय किया जा रहा है कि आइसोलेशन वार्ड और कोरोना ओपीडी में अलग अलग टीमों की ड्यूटी एक-एक सप्ताह के लिए लगाई जाए । इससे जूनियर डॉक्टरों का उत्साह बना रहेगा और उनमें भय नहीं होगा। फिलहाल केजीएमयू प्रशासन टीम बनाने में जुटा है।
कोई कालाबाजारी करे तो यहां पर करें शिकायत
कोरोना से संबंधित कोई भी सूचना हो तो यहां दें
जिले में बने कोविड-19 कंट्रोल रूम
0522-2230688, 2230955,
2230691 व 2230333
प्रदेश सरकार का हेल्पलाइन नंबर : 18001805145
कोरोना वायरस के संबंध में किसी भी जानकारी के लिए केंद्रीय हेल्पलाइन नंबर 91-11-23978046 पर भी फोन कर सकते हैं।
लॉकडाउन के दौरान कालाबाजारी रोकने के लिए प्रशासन ने हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं। जिलाधिकारी अभिषेक प्रकाश ने बताया कि अगर कोई भी अधिक कीमत वसूलता है तो इन नंबरों पर शिकायत करें।
फोन : कंट्रोल रूम 0522 2622627 अथवा 9810346713 पर की जा सकती है।
जिले में बने कोविड-19 कंट्रोल रूम
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2230691 व 2230333
प्रदेश सरकार का हेल्पलाइन नंबर : 18001805145
कोरोना वायरस के संबंध में किसी भी जानकारी के लिए केंद्रीय हेल्पलाइन नंबर 91-11-23978046 पर भी फोन कर सकते हैं।
लॉकडाउन के दौरान कालाबाजारी रोकने के लिए प्रशासन ने हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं। जिलाधिकारी अभिषेक प्रकाश ने बताया कि अगर कोई भी अधिक कीमत वसूलता है तो इन नंबरों पर शिकायत करें।
फोन : कंट्रोल रूम 0522 2622627 अथवा 9810346713 पर की जा सकती है।