फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   Drought-like situation without rain, kharif acreage reduced

Lucknow News: बारिश बिन सूखे जैसे हालात, खरीफ का रकबा घटा

Sun, 30 Jul 2023 11:43 PM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ
संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ Updated Sun, 30 Jul 2023 11:43 PM IST
विज्ञापन
Drought-like situation without rain, kharif acreage reduced
रायबरेली। खरीफ की फसल में बिजली कटौती और सिंचाई का संकट पौने पांच लाख किसानों के लिए परेशानी का सबब बना है। हालात ये है कि न तो धान की रोपाई का और न ही अन्य फसलों की बोवाई का लक्ष्य पूरा हो पाया है। यह हाल तब है, जब इस बार धान की रोपाई का लक्ष्य घटा दिया गया है। जिन किसानों ने धान की रोपाई कर ली है, उनकी फसल पानी बिना सूख रही है। वैसे तो हर बार एक लाख लाख हेक्टेयर क्षेत्रफल से ज्यादा धान की रोपाई का लक्ष्य रखा जाता था, लेकिन इस बार यह आंकड़ा 88 हजार हेक्टेयर क्षेत्रफल पर सिमटकर रह गया है। धान की फसल की रोपाई का लक्ष्य पूरा नहीं हो सका है। कृषि विभाग का दावा है कि 88 हजार 924 के सापेक्ष 88 हजार 484 हेक्टेयर क्षेत्रफल पर धान रोपाई की गई है, लेकिन हकीकत इसके उलट है। खरीफ की फसल की बोवाई में सिंचाई विभाग की 450 नहरों में पूरी क्षमता के साथ पानी पहुंचाने का दावा किया गया, लेकिन यह महज कागजों तक सीमित है। बिजली कटौती और लोवोल्टेज से खरीफ की फसल की बोवाई में बाधा बन रही है। मक्का, बाजरा, अरहर, मूंगफली की फसल की बोवाई का लक्ष्य पूरा नहीं हो सका है।
विज्ञापन

इंद्रदेव रूठ गए हैं। ऐसे में बारिश नहीं हो रही है। इस बार जून और 29 जुलाई तक 272.5 मिमी. बारिश होनी चाहिए थी, लेकिन इसके सापेक्ष 122.3 मिमी. ही वर्षा हुई है। यानि महज 44.9 फीसदी ही बारिश हुई है। यदि जल्द बारिश नहीं हुई तो रोपी गई धान की फसल सूख जाएगी और किसानों को भारी नुकसान झेलना पड़ेगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed