बुखार के साथ सांस फूले तो कराएं करोना जांच, डॉक्टर ने दिए ये सुझाव
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यदि अचानक तेज बुखार हो, स्वाद और गंध का पता ना चले। अचानक सांस लेने में समस्या होने लगे तो करोना की जांच करा लेनी चाहिए। सामान्य तौर पर सर्दी जुकाम और बुखार हो तो यह वायरल के लक्षण हैं। यह कहना है आईएमए के सदस्य और बलरामपुर अस्पताल के चेस्ट फिजिशियन डॉ. आनंद कुमार गुप्ता का। वह अमर उजाला मेडिकल हेल्पलाइन में लोगों के सवालों का जवाब दे रहे थे। पेश हैं प्रमुख सवाल जो ज्यादातर लोगों ने पूछे।
सवालः मुझे सीने में संक्रमण है। यह कैसे पता चलेगा कि करोना की वजह से है या निमोनिया? -प्रशांत सिंह चौक, प्रतिभा गोमती नगर
जवाबः यदि पहले से निमोनिया, टीबी, सीओपीडी, अस्थमा आदि है तो सांस फूलना सामान्य बात है। लेकिन अचानक सांस फूलने लगे, सूखी खांसी आए, गले में खराश तेज बुखार, शरीर दर्द हो, सूंघने की क्षमता खत्म हो जाए, किसी चीज का स्वाद न पता चले तो कोरोना की जांच करा लेनी चाहिए। जिन लोगों को टीबी या दूसरी वजह से निमोनिया होती है तो मरीज से बातचीत के दौरान हिस्ट्री लेने में उसकी जानकारी मिल जाती है।
सवालः इस समय वायरल का सीजन चल रहा है। ऐसे में कैसे पता चलेगा कि यह कोरोना की वजह से है या दूसरी? -पंकज कुमार गुप्ता अलीगंज, सुमित्रा आलमबाग
जवाबः सर्दी जुकाम, बुखार होना वायरल के लक्षण हैं। यह 4 से 5 दिन में अपने आप खत्म हो जाते हैं। गले में हल्की खराश हो और तीन दिन बाद कम होने लगे तो घबराने की जरूरत नहीं है, लेकिन गले में खराश बनी रहे, बुखार तेज हो तो स्क्रीनिंग करा लेनी चाहिए। यही वजह है कि फीवर क्लीनिक में स्क्रीनिंग के बाद ही कोरोना की जांच कराने की सलाह दी जाती है। ताकि अनावश्यक लोग जांच के चक्कर में पड़कर परेशान ना हो।
सवालः मेरी टीबी की दवा चल रही है। काफी दिन से अस्पताल नहीं जा पाए हैं। -आदर्श अर्जुनगंज, रोहित दुबग्गा
जवाबः पहले की तरह दवा खाते रहें। अस्पताल जाने से पूरी तरह परहेज करें। टीबी के मरीजों की इम्यूनिटी कमजोर हो जाती है, इसलिए इस वक्त अस्पताल जाना खतरनाक है। यदि दवा खत्म हो जाती है तो परिवार के किसी सदस्य को भेज कर दवा ले लें।
मास्क के बजाए गमछा का प्रयोग किया जा सकता है या नहीं
सवालः कोरोना से बचने में इम्यूनिटी का अहम रोल है। कैसे बढ़ाएं? -राधिका हजरतगंज, प्रियंका इंदिरा नगर
जवाबः इम्यूनिटी एक दिन में नहीं बढ़ती है। इसके लिए माह दो माह लगातार सावधानी बरतनी पड़ती है। इसके लिए हेल्दी लाइफस्टाइल अपनाएं, एक्सरसाइज करें, भरपूर नींद लें और हरी पत्तेदार सब्जियां और फल का सेवन करें। अदरक, लहसुन, लौंग, इलायची सहित मसाले में प्रयोग होने वाली अन्य चीजों का सेवन करते रहें। इससे धीरे-धीरे इम्यूनिटी विकसित होती है।
सवालः मास्क के बजाए गमछा का प्रयोग किया जा सकता है या नहीं। -शिवानी जानकीपुरम, राजेश सीतापुर रोड
जवाबः गमछा और दुपट्टा का प्रयोग करना ठीक नहीं है। क्योंकि मुंह खोलने के बाद जब दोबारा बांधते हैं तो संभव है कि जो लेयर पहले बाहर थी वह आपके मुंह पर आ जाए। सर्जिकल मास्क और एन 95 स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं के लिए होते हैं। अन्य लोगों को घर में बना कपड़े का मास्क प्रयोग करना चाहिए। कपड़े वाला मास्क एक बार प्रयोग करने के बाद दूसरे दिन बिना धुले प्रयोग नहीं करना चाहिए।
सवालः मौसम बदलने पर मुझे जुकाम हो जाता है। ऐसे में क्या करें?-हरि ओम पटेल नगर, शांतनु चौक
जवाबः कुछ लोगों की मौसम बदलते ही नाक बंद हो जाती है, खराश होती है और छींक अधिक आती है। यह एलर्जी की वजह से होती है।