{"_id":"6998c85064c1659bb704cabc","slug":"dm-upset-over-slow-disposal-of-cases-reprimanded-lucknow-news-c-13-lko1096-1614958-2026-02-21","type":"story","status":"publish","title_hn":"Lucknow News: मुकदमों के निस्तारण में सुस्ती पर डीएम खफा, लगाई फटकार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Lucknow News: मुकदमों के निस्तारण में सुस्ती पर डीएम खफा, लगाई फटकार
विज्ञापन
तहसील पहुंचे डीम विशाख जी।
मोहनलालगंज। डीएम विशाख जी शुक्रवार शाम को मोहनलालगंज तहसील का निरीक्षण करने पहुंचे। इस दौरान उन्होंने न्यायालयों में पुराने मुकदमों के निस्तारण में सुस्ती पर नाराजगी जताई। एसडीएम कोर्ट में हदबरारी के मुकदमों में तय समय में राजस्व कर्मियों की रिपोर्ट नहीं आने से निस्तारण लटकने पर एसडीएम पवन पटेल और तहसीलदार ऋतुराज शुक्ल को फटकार भी लगाई।
डीएम ने कार्यशैली बदलने की हिदायत दी। तहसीलदार न्यायिक की कोर्ट में वरासत और दाखिल खारिज के कुछ मामलों में फाइल आदेश के लिए सुरक्षित करने के बाद फिर से सुनवाई की तिथि लगी देख डीएम का पारा चढ़ गया। खारिज किए गए मुकदमों की फाइलें अलमारी में बेतरतीब रखी थीं, जिस पर उन्होंने तहसीलदार से नाराजगी जताई।
चकबंदी अधिकारी और सहायक चकबंदी अधिकारी की कोर्ट में अंधेरा और फाइलों का रखरखाव भी ठीक नहीं मिला। नायब तहसीलदार गोसाईंगंज और नायब तहसीलदार गोसाईंगंज पी 2 की कोर्ट में डीएम ने दाखिल खारिज के मामलों को लेकर सवाल जवाब किया तो अधिकारी सही जवाब नहीं दे पाए। इस पर डीएम ने एसडीएम को व्यवस्था सुधारने की हिदायत दी।
विज्ञापन
समाधान दिवस की शिकायतों का जायजा लेने पर कई फाइलें धूल खाती मिलीं। इस पर डीएम ने फाइलों को व्यवस्थित रखने के निर्देश दिए। इससे पहले निगोहां बाजार के राजकिशोर ने डीएम से धोखाधड़ी की शिकायत की। उन्होंने कहा कि निगोहां थाने में एफआईआर दर्ज होने के बावजूद दाखिल खारिज में आपत्ति लगाने पर धमकियां मिल रही हैं। इस पर डीएम ने एसडीएम से कार्रवाई के निर्देश दिए।
-- -
नहीं खुल सका रजिस्ट्री ऑफिस का ताला
डीएम तहसील के प्रथम तल पर रजिस्ट्री ऑफिस का मुआयना करने पहुंचे, लेकिन दरवाजे पर ताला बंद मिला। डीएम दो बार वहां से लौटे, लेकिन ताला नहीं खुल सका। एसडीएम के कमरे में डीएम को बैठे देख कई वकील लेखपाल और राजस्व निरीक्षकों की शिकायत लेकर पहुंच गए। इस पर एडीएम वित्त एवं राजस्व राकेश कुमार सिंह ने वकीलों को दरवाजे पर ही रोक लिया। इससे वकील नाराज हो गए और हंगामा व नारेबाजी शुरू कर दी। हंगामा होता इंस्पेक्टर ब्रजेश कुमार त्रिपाठी और एसीपी विकास पांडेय मौके पर पहुंचे और वकीलों को शांत कराया।
विज्ञापन
डीएम ने कार्यशैली बदलने की हिदायत दी। तहसीलदार न्यायिक की कोर्ट में वरासत और दाखिल खारिज के कुछ मामलों में फाइल आदेश के लिए सुरक्षित करने के बाद फिर से सुनवाई की तिथि लगी देख डीएम का पारा चढ़ गया। खारिज किए गए मुकदमों की फाइलें अलमारी में बेतरतीब रखी थीं, जिस पर उन्होंने तहसीलदार से नाराजगी जताई।
विज्ञापन
चकबंदी अधिकारी और सहायक चकबंदी अधिकारी की कोर्ट में अंधेरा और फाइलों का रखरखाव भी ठीक नहीं मिला। नायब तहसीलदार गोसाईंगंज और नायब तहसीलदार गोसाईंगंज पी 2 की कोर्ट में डीएम ने दाखिल खारिज के मामलों को लेकर सवाल जवाब किया तो अधिकारी सही जवाब नहीं दे पाए। इस पर डीएम ने एसडीएम को व्यवस्था सुधारने की हिदायत दी।
विज्ञापन
समाधान दिवस की शिकायतों का जायजा लेने पर कई फाइलें धूल खाती मिलीं। इस पर डीएम ने फाइलों को व्यवस्थित रखने के निर्देश दिए। इससे पहले निगोहां बाजार के राजकिशोर ने डीएम से धोखाधड़ी की शिकायत की। उन्होंने कहा कि निगोहां थाने में एफआईआर दर्ज होने के बावजूद दाखिल खारिज में आपत्ति लगाने पर धमकियां मिल रही हैं। इस पर डीएम ने एसडीएम से कार्रवाई के निर्देश दिए।
नहीं खुल सका रजिस्ट्री ऑफिस का ताला
डीएम तहसील के प्रथम तल पर रजिस्ट्री ऑफिस का मुआयना करने पहुंचे, लेकिन दरवाजे पर ताला बंद मिला। डीएम दो बार वहां से लौटे, लेकिन ताला नहीं खुल सका। एसडीएम के कमरे में डीएम को बैठे देख कई वकील लेखपाल और राजस्व निरीक्षकों की शिकायत लेकर पहुंच गए। इस पर एडीएम वित्त एवं राजस्व राकेश कुमार सिंह ने वकीलों को दरवाजे पर ही रोक लिया। इससे वकील नाराज हो गए और हंगामा व नारेबाजी शुरू कर दी। हंगामा होता इंस्पेक्टर ब्रजेश कुमार त्रिपाठी और एसीपी विकास पांडेय मौके पर पहुंचे और वकीलों को शांत कराया।

तहसील पहुंचे डीम विशाख जी।