{"_id":"60ff1d728ebc3eb7227686e7","slug":"distrainment-of-career-dental-college-owner-assets-lucknow-news-lko588630261","type":"story","status":"publish","title_hn":"कभी 1200 रुपये की नौकरी करता था कैरियर डेंटल कॉलेज का मालिक, 11 मुकदमे हैं दर्ज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कभी 1200 रुपये की नौकरी करता था कैरियर डेंटल कॉलेज का मालिक, 11 मुकदमे हैं दर्ज
विज्ञापन
लखनऊ। कमिश्नरेट पुलिस ने सोमवार को गिरोह बनाकर अवैध संपत्तियां कब्जा करने वाले कैरियर डेंटल के मालिक अजमत अली व उसके बेटे सपा सरकार में राज्यमंत्री रहे मो. इकबाल की संपत्तियों को जब्त कर लिया। कार्रवाई के दौरान मड़ियांव, जानकीपुरम, अलीगंज सहित कई थानों की पुलिस मौजूद रही।
मड़ियांव के घैला गांव का अजमत अली सामान्य परिवार से ताल्लुक रखता था। उनकी नाममात्र की पैतृक संपत्ति थी। परिवार के पालन पोषण के लिए उसने निसार अली के यहां 1200 रुपये प्रतिमाह की नौकरी शुरू की। हालांकि, अमीर बनने की चाहत में उसने गिरोह बनाकर अवैध तरीके से संपत्तियां हथियानी शुरू कर दी। इस काम में उसका बेटा इकबाल भी शामिल हो गया। मड़ियांव थाने में अजमत पर पहला मुकदमा 2000 में मारपीट व एससी-एसटी में दर्ज हुआ था। दस साल बाद हत्या के प्रयास का केस दर्ज हुआ। मड़ियांव थाने में ही उस पर हत्या के प्रयास, कूटरचित दस्तावेज तैयार कर संपत्तियां बनाने व बलवा जैसे आठ मुकदमे दर्ज हैं। इकबाल पर भी मड़ियांव थाने में तीन केस दर्ज हैं।
एसीपी अलीगंज अखिलेश सिंह के मुताबिक अजमत अली ने 1995 में कैरियर कॉन्वेंट एजुकेशनल एंड चैरिटेबल ट्रस्ट बनाया। इसके बाद उसने सरकारी रास्तों, चकरोड व सरकारी जमीनों पर कब्जा करना शुरू कर दिया। अवैध कमाई से वर्ष 1998 से 2000 के बीच कैरियर कॉन्वेंट कॉलेज बनाया। 2007 में कैरियर इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज एंड हॉस्पिटल की बिल्डिंग नेशनल हाईवे से मिलाकर बनानी शुरू की। अजमत अली ने सार्वजनिक स्थानों, चकरोड, नवीन परती जमीन को ट्रस्ट में मिलाकर उन पर भी निर्माण करा दिया। आरोप है कि ये सारी संपत्ति दबंगई और आपराधिक कारनामों से हासिल की।
विज्ञापन
बैंक में जमा 77 लाख भी जब्त
पीएनबी घैला, एक्सिस बैंक शाखा आईआईएम रोड, एसबीआई पांडेयगंज, आईसीआईसीआई नादान महल रोड में अजमत अली और इकबाल व उनके परिवारीजन और ट्रस्ट के नाम से जमा 77,35,530 रुपये जब्त कर लिए गए। इसके अलावा खुद और ट्रस्ट के नाम से खरीदीं लग्जरी गाड़ियां (फॉर्च्यूनर, ऑडी, क्वालिस, इनोवा) बस व अन्य 10,91,15,000 रुपये के वाहन हैं। पुलिस ने सारी संपत्तियों को जब्त कर लिया है।
अफसरों की निगरानी में रहेगी जब्त संपत्ति
एसीपी अलीगंज अखिलेश सिंह के मुताबिक पूर्व राज्यमंत्री मो. इकबाल व उसके पिता कैरियर डेंटल ग्रुप के निदेशक अजमत अली की जब्त संपत्तियों को मुख्य चिकित्साधिकारी, बीएसए, तहसीलदार व राजस्व अधिकारी और मड़ियांव प्रभारी निरीक्षक की निगरानी में रखा गया है। शासन या कोर्ट के आदेश के अनुसार आगे की कार्रवाई करेंगे।
विज्ञापन
मड़ियांव के घैला गांव का अजमत अली सामान्य परिवार से ताल्लुक रखता था। उनकी नाममात्र की पैतृक संपत्ति थी। परिवार के पालन पोषण के लिए उसने निसार अली के यहां 1200 रुपये प्रतिमाह की नौकरी शुरू की। हालांकि, अमीर बनने की चाहत में उसने गिरोह बनाकर अवैध तरीके से संपत्तियां हथियानी शुरू कर दी। इस काम में उसका बेटा इकबाल भी शामिल हो गया। मड़ियांव थाने में अजमत पर पहला मुकदमा 2000 में मारपीट व एससी-एसटी में दर्ज हुआ था। दस साल बाद हत्या के प्रयास का केस दर्ज हुआ। मड़ियांव थाने में ही उस पर हत्या के प्रयास, कूटरचित दस्तावेज तैयार कर संपत्तियां बनाने व बलवा जैसे आठ मुकदमे दर्ज हैं। इकबाल पर भी मड़ियांव थाने में तीन केस दर्ज हैं।
विज्ञापन
एसीपी अलीगंज अखिलेश सिंह के मुताबिक अजमत अली ने 1995 में कैरियर कॉन्वेंट एजुकेशनल एंड चैरिटेबल ट्रस्ट बनाया। इसके बाद उसने सरकारी रास्तों, चकरोड व सरकारी जमीनों पर कब्जा करना शुरू कर दिया। अवैध कमाई से वर्ष 1998 से 2000 के बीच कैरियर कॉन्वेंट कॉलेज बनाया। 2007 में कैरियर इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज एंड हॉस्पिटल की बिल्डिंग नेशनल हाईवे से मिलाकर बनानी शुरू की। अजमत अली ने सार्वजनिक स्थानों, चकरोड, नवीन परती जमीन को ट्रस्ट में मिलाकर उन पर भी निर्माण करा दिया। आरोप है कि ये सारी संपत्ति दबंगई और आपराधिक कारनामों से हासिल की।
विज्ञापन
बैंक में जमा 77 लाख भी जब्त
पीएनबी घैला, एक्सिस बैंक शाखा आईआईएम रोड, एसबीआई पांडेयगंज, आईसीआईसीआई नादान महल रोड में अजमत अली और इकबाल व उनके परिवारीजन और ट्रस्ट के नाम से जमा 77,35,530 रुपये जब्त कर लिए गए। इसके अलावा खुद और ट्रस्ट के नाम से खरीदीं लग्जरी गाड़ियां (फॉर्च्यूनर, ऑडी, क्वालिस, इनोवा) बस व अन्य 10,91,15,000 रुपये के वाहन हैं। पुलिस ने सारी संपत्तियों को जब्त कर लिया है।
अफसरों की निगरानी में रहेगी जब्त संपत्ति
एसीपी अलीगंज अखिलेश सिंह के मुताबिक पूर्व राज्यमंत्री मो. इकबाल व उसके पिता कैरियर डेंटल ग्रुप के निदेशक अजमत अली की जब्त संपत्तियों को मुख्य चिकित्साधिकारी, बीएसए, तहसीलदार व राजस्व अधिकारी और मड़ियांव प्रभारी निरीक्षक की निगरानी में रखा गया है। शासन या कोर्ट के आदेश के अनुसार आगे की कार्रवाई करेंगे।