फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   data flaws in pradhan mantri kisan samman nidhi

प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि में सामने आई करतूत, नरेंद्र मोदी व योगी को बनाया ‘किसान’

Tue, 11 Jun 2019 11:35 AM IST
Amulya Rastogi अजीत बिसारिया, अमर उजाला लखनऊ
अजीत बिसारिया, अमर उजाला लखनऊ Published by: Amulya Rastogi Updated Tue, 11 Jun 2019 11:35 AM IST
विज्ञापन
data flaws in pradhan mantri kisan samman nidhi
सीएम योगी, पीएम मोदी
भगवान श्रीराम, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी ‘किसान’ हैं। ये हैरान कर देने वाले कारनामे पीएम किसान सम्मान निधि योजना में सामने आए हैं। पोर्टल पर विशिष्ट व्यक्तियों के नाम से पंजीकरण के साथ ही तमाम फर्जी नाम भी कृषि विभाग ने पकड़े हैं। हालांकि, ये डाटा डिलीट कर दिया गया है, पर इसे योजना में सेंध की कोशिश के साथ ही बड़ी शरारत माना जा रहा है।
विज्ञापन


पीएम किसान सम्मान निधि योजना के तहत प्रत्येक किसान को सालाना 6000 रुपये मदद दी जा रही है। यूपी में किसानों की कुल संख्या 2.38 करोड़ है। इनमें से अभी तक पोर्टल पर 1 करोड़ 20 लाख 10 हजार 393 किसानों का नाम चढ़ाया गया है और करीब 1.09 करोड़ के खातों में दो-दो हजार रुपये की दो किस्तें जा चुकी हैं। 
विज्ञापन


अब भी आधे से ज्यादा किसानों के नाम संबंधित पोर्टल पर चढ़ने बाकी हैं। बता दें कि योजना में तहसील स्तर पर राजस्व और कृषि विभाग की टीम संयुक्त रूप से किसान पोर्टल पर ब्योरा अपलोड करती है।  
विज्ञापन
विज्ञापन

यहां पर हुई गड़बड़ी 

तहसील स्तर से अपलोड किए गए डाटा को देखकर कृषि मुख्यालय के अधिकारी न सिर्फ हैरान हैं बल्कि निर्णय लेने में उनके पसीने छूट गए। कई जिलों से लाभार्थियों की सूची में भगवान श्रीराम, प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री, कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी और कृषि निदेशक सोराज सिंह समेत करीब साढ़े चार हजार नाम दर्ज हैं। विभागीय अधिकारी भी मानते हैं कि योजना में सेंध लगाने की कोशिश की गई, जिसे सफल नहीं होने दिया गया।  

अब गड़बड़ी की गुंजाइश नहीं 
पोर्टल पर विशिष्ट व्यक्तियों के 4 से 4.5 हजार नाम अपलोड कर दिए गए थे, इन्हें जांच के बाद तत्काल डिलीट कर दिया गया है। चूंकि, तीसरी किस्त के भुगतान के लिए आधार नंबर अनिवार्य है। इसलिए अब इस तरह की गड़बड़ की गुंजाइश ही नहीं बची है। 
-सोराज सिंह, कृषि निदेशक, उत्तर प्रदेश
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed