लखनऊ के एक धर्मस्थल में जबरदस्ती घुसने पर बवाल, दोनो गुटो को दी गई हिदायत
लखनऊ के हसनगंज इलाके में एक धर्मस्थल परिसर में तीन युवकों के जबरन घुसने को लेकर दो गुटों के बीच जमकर बवाल हुआ। आसपास के थानों की पुलिस व पीएसी लेकर पहुंचे सीओ ने तीनों युवकों को हिरासत में लेकर हालात काबू में किए। दोनों गुटों के लोगों को हिदायत दी गई है।
सीओ महानगर अनुराग सिंह ने बताया कि मशालची टोला स्थित नानक शाही मठ में दूसरे गुट के तीन युवकों के जबरन घुसने को लेकर तनातनी हो गई। दोनों गुटों के लोगों ने एक-दूसरे के खिलाफ नारेबाजी की। इसकी भनक लगने पर आसपास के थानों की पुलिस व पीएसी लेकर मौके पर पहुंचे।
धर्मस्थल में जबरन घुसने के आरोपी लालबाग निवासी फैजान, गुजरात के मूलनिवासी शाह सरफराज और कानपुर के उबेद को हिरासत में लेकर तहकीकात शुरू की गई। मठ के बाबा धर्मेंद्र दास ने कहा कि भागवत कथा के दौरान धर्मस्थल परिसर में तीन गाड़ियों से कुछ संदिग्ध लोग जबरन घुसे और जायजा लेकर लौट गए।
थोड़ी देर बाद तीनों आरोपी गेट पर खड़े पीएसी के जवानों से लड़-झगड़कर जबरन घुस आए। कथा सुन रहे श्रद्धालुओं को हमले का अंदेशा हुआ और घेराबंदी करके तीनों को पकड़ा गया।
युवकों ने दी सफाई
मठ के सामने स्थित मकान में रहने वाले छात्र मोहसिन ने पुलिस को जानकारी दी कि रविवार को एक सांड के हमले से वह घायल हो गया था। तीनों सहपाठी उसकी खैर खबर लेन आए थे। इलाके की जानकारी न होने की वजह से वह मठ के भीतर चले गए थे।
पीएसी के जवानों द्वारा रोकने के बावजूद धर्मस्थल में घुसने के सवाल पर तीनों युवक सफाई देने लगे। उन्होंने धर्मस्थल में मौजूद लोगों पर बंधक बनाकर पीटने का आरोप लगाया। दोनों पक्षों से तहकीकात के बाद सीओ ने एसएसपी को मामले की विस्तृत जानकारी दी।
एसएसपी दीपक कुमार ने बताया कि इलाके में पहले भी दो गुटों के बीच विवाद हुआ था। इसके बाद से धर्मस्थल पर पीएसी तैनात है। दूसरे गुट के तीन युवकों द्वारा जबरन घुसने पर तनातनी हुई। सीओ ने मौके पर पहुंचकर हालात संभाल लिए। इलाके में सशस्त्र पुलिसकर्मियों को तैनात करने के साथ दोनों पक्षों को शांति व्यवस्था बनाए रखने की हिदायत दी गई है।