लखनऊ में उपद्रव: महिलाएं भी नहीं बचीं
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‘आप लोग तमाशा देख रहे हैं। कुछ करते क्यों नहीं।’ डीएम आवास के ठीक सामने वकीलों की अराजकता की शिकार एक सीओ की पत्नी ने पुलिसकर्मियों से यह बात कही लेकिन सब तमाशबीन बनकर खड़े रहे।
इस दौरान कुछ वकीलों ने उनकी कार के ड्राइवर को गालियां देते हुए चाबियां छीन लीं और बोनट पर घूंसे बरसाए। सीओ की पत्नी वहां खड़े पुलिसकर्मियों पर भड़क उठीं। बोलीं, ‘ये राजधानी है।
आप लोग डीएम के बंगले के सामने खड़े हैं। कानून व्यवस्था है कि नहीं?’ उनकी बात अनसुनी करते हुए पुलिसकर्मियों ने कहा, ‘मैडम, कार बैक करके लौट जाइए।’ पुलिस का यह रवैया देखकर अंतत: सीओ की पत्नी को उल्टे पांव लौटना पड़ा।
प्रदर्शन के दौरान कुछ लोगों वहां से गुजरने वाले राहगीरों से मारपीट की। इन लोगों ने महिलाओं और छात्राओं के साथ भी बदसुलूकी की।
उधर, हालात संभालने के बजाए पुलिस अफसर भी आम जनता पर ही अपना रोब गांठते रहे। एक एएसपी राहगीरों को सड़क से जल्दी-जल्दी भागकर सुरक्षित स्थान पर पहुंचने की सलाह देते रहे।
वायरलेस पर मैसेज दो, शायद अफसर सुन लें
कचहरी से जब वकीलों का जत्था शहीद स्मारक पहुंचा, वहां सिर्फ सीओ चौक सर्वेश मिश्रा, तालकटोरा एसओ अरुण प्रताप सिंह और वजीरगंज एसओ अभिनव सिंह पुंडीर ही थे।
वकीलों ने पथराव और तोड़फोड़ शुरू की तो वहां मौजूद पुलिस अफसरों ने हालात काबू करने के लिए हजरतगंज से फोर्स भेजने की मांग की।
कई अफसरों को मोबाइल मिलाए गए लेकिन फोर्स नहीं पहुंची। इसके बाद वायरलेस सेट से मैसेज देने का निर्णय लिया गया।
एक थानेदार ने कहा कि, ‘वायरलेस सेट से मैसेज का रिकार्ड होता है और सभी अफसर सुन रहे होते हैं इसलिए इसी का इस्तेमाल किया जाए।’
मीडिया और राहगीरों के साथ मारपीट
परिवर्तन चौक वापस जाने पर वाहन चालकों को फिर से डीएम आवास की तरफ भेज दिया गया। इसी तरह स्कूली बच्चे भी घर जाने के लिए इधर-उधर दौड़ते रहे।
कचहरी में विरोध-प्रदर्शन का कवरेज करने आए फोटो जर्नलिस्ट भी अराजकता का शिकार बने। इलेक्ट्रॉनिक मीडिया चैनल के एक कैमरामैन को उपद्रवियों ने पीट दिया, जबकि कई फोटो जर्नलिस्ट से धक्का-मुक्की और मारपीट की गई।
परिवर्तन चौक पर कैमरामैनों को खदेड़ दिया। मोबाइल से फोटो खींचने और वीडियो बनाने वाले राहगीरों को भी उन्होंने नहीं छोड़ा और उनसे गाली-गलौज व मारपीट की।
एसबीआई मुख्यालय के पास एलडीए कॉलोनी निवासी यूनिवर्सिटी के छात्र रजत मिश्रा को लात-घूंसों और डंडों से पीटा। इससे उसका सिर फूट गया।