{"_id":"6152fab28ebc3e025c380f6c","slug":"police-arrested-people-involved-in-sex-racket-in-alambagh-in-lucknow","type":"story","status":"publish","title_hn":"सेक्स रैकेट का खुलासा : आई थी टेलीकॉलर की नौकरी करने, बन गई कॉलगर्ल, सात युवती व दो युवक गिरफ्तार ","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम","slug":"crime"}}
सेक्स रैकेट का खुलासा : आई थी टेलीकॉलर की नौकरी करने, बन गई कॉलगर्ल, सात युवती व दो युवक गिरफ्तार
Tue, 28 Sep 2021 06:37 PM IST
ishwar ashish
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
Published by: ishwar ashish
Updated Tue, 28 Sep 2021 06:37 PM IST
सार
आलमबाग पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर इलाके में चल रहे सेक्स रैकेट का भंडाफोड़ करते हुए दो युवकों सहित सात महिलाओं को गिरफ्तार किया है।
विज्ञापन
गिरफ्तार किए गए आरोपी।
- फोटो : amar ujala
विस्तार
लखनऊ में 20 साल की युवती नौकरी करने आई थी। उसे एक कंपनी में टेलीकॉलर की नौकरी मिली। यहां उसकी दोस्ती एक युवक से हुई। दोस्त ने युवती को हरे व गुलाबी नोट की चकाचौंध दिखा दी। जिसकी जरूरत पूरा करने के लिए उसे कॉलगर्ल बना दिया। यह बात आलमबाग पुलिस की गिरफ्त में आई सात युवतियों में एक ने बताई। पुलिस ने मंगलवार को सेक्स रैकेट का खुलासा किया। जिसमें सात युवतियां व दो युवक दबोच लिये है। पकड़े गये युवक सेक्स रैकेट के एजेंट का काम करते हैं। पुलिस ने अनैतिक देह व्यापार की धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जेल भेज दिया। वहीं युवतियों को नारी बंदी गृह भेजा गया है।
विज्ञापन
एसीपी आलमबाग विक्रम सिंह के मुताबिक प्रभारी निरीक्षक आलमबाग अमरनाथ विश्वकर्मा के नेतृत्व में पुलिस टीम ने मधुबन नगर स्थित एक मकान पर छापा डाला। पुलिस को सूचना दी गई थी एक महिला इस मकान में सेक्स रैकेट संचालित कर रही है। पुलिस ने मौके से संचालिका सहित सात युवतियों व दो युवकों को गिरफ्तार किया है। पकड़े गये युवक प्रयागराज निवासी हर्षित पांडेय और उन्नाव का मुकेश पाल शामिल है। दोनों एजेंट आसपास के इलाकों से लोगों से युवतियों की तस्वीरें दिखाकर रकम तय कर उपलब्ध कराते थे। पुलिस इस गिरोह के अन्य लोगों के बारे में जानकारी हासिल कर रही है।
विज्ञापन
हर दो महीने बदल देते है ठिकाना
प्रभारी निरीक्षक आलमबाग अमरनाथ विश्वकर्मा के मुताबिक सेक्स रैकेट संचालिका ने पूछताछ में बताया कि वह हर दो से तीन महीने में अपना ठिकाना बदल देती थी। ताकि स्थानीय लोगों की नजर न पड़े। ग्राहकों का लाने का काम एजेंट करते थे। जो ग्राहक एक बार आता था। उससे मोबाइल नंबर के जरिए संपर्क करते थे। उसे ठिकाना बदलने के बारे में भी जानकारी दे देते थे। ताकि काले कारोबार पर कोई असर न पड़े।
विज्ञापन
गिरोह में आसपास के जिलों की युवतियां
पुलिस के मुताबिक पकड़ी गई अधिकतर लड़कियां शहर में काम की तलाश में आई थी। यह लड़कियां अपने शौक पूरे करने के साथ शादी के लिए पैसा जुटाने के लिए किसी भी कीमत को चुकाने को तैयार थी। जिसका फायदा उठाकर सेक्स रैकेट संचालिका ने इन्हें टेलीकॉलर की नौकरी की जगह कॉल गर्ल की नौकरी शुरू करा दी। यह लड़कियां उन्नाव, प्रयागराज, गोरखपुर, गोंडा, बलराम, बहराइच आदि जिलों की हैं।