एटीएम पर रहें होशियार, आपके साथ भी हो सकता है ऐसा...
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
साइबर सेल के प्रभारी इंस्पेक्टर भगवान सिंह ने बताया कि दोनों को दोपहर करीब साढ़े तीन बजे हजरतगंज में एसबीआई मेन ब्रांच के एटीएम के पास पकड़ा गया।
पुलिस के अनुसार, आरोपियों के पास से एक लैपटॉप, एक कलर प्रिंटर, एक एलईडी मॉनीटर, एक फोटोन मैक्स का डाटा कार्ड, पांच मोबाइल फोन, आठ सौ रुपये नकद और लखनऊ से मुंबई का एक एयर टिकट मिला है। पकड़े गए बदमाशों ने हाल ही में हुई आठ वारदातें कुबूली हैं।
गैंग के सरगना संतोष उर्फ विनोद की तलाश में दबिश दी जा रही है। एसएसपी ने गैंग का खुलासा करने वाले इंस्पेक्टर भगवान सिंह, सर्विलांस प्रभारी अनुराग मिश्र, साइबर सेल के सिपाही अखिलेश, सुधांशु शेखर, हरिकिशोर, रामप्रवेश, धीरेंद्र, शबनम, शाइस्ता व सर्विलांस सेल के सिपाही अनिल सिंह व सुनील राय की सराहना की है।
छात्र बता रहते थे किराए पर
साइबर क्रिमिनल संतोष उर्फ विनोद मूल रूप से बिहार के पटना बेरिंग रोड एम कॉलेज के पास शिवम अपार्टमेंट में रहता है।
सुलतानपुर के कादीपुर में अमदा रायपुर निवासी शोभित बीए सेकेंड इयर का छात्र है और तौसीब हरदोई के माधौगंज में जैदीपुर निवासी है।
तीनों छात्र बनकर कभी राजाजीपुरम, इंदिरानगर सहित कई मुहल्लों में किराये का कमरा लेकर रहते थे।
गैंग के सदस्य फ्लाइट से चलते थे।
सरगना संतोष सारे आर्डर की डिलीवरी खुद ही मुंबई से लेता था। कहा कि आर्डर लखनऊ में किसी पते पर मंगाने पर उसके पकड़े जाने की आशंका थी। यही वजह थी कि आर्डर बुक कराता और मुंबई जाकर कंपनी से खुद डिलीवरी ले लेता था।
इंस्पेक्टर भगवान सिंह ने बताया कि गैंग एटीएम बूथ के आसपास शिकार तलाशता था। ऐसे लोग जो एटीएम कार्ड का इस्तेमाल ठीक से नहीं कर पाते थे या इस्तेमाल करना नहीं जानते थे।
कुश्ती खिलाड़ी सहित कई का केस खुला
आरोपी मदद के बहाने सारी जानकारी लेते, इसके बाद एटीएम के नंबर और पासवर्ड से ऑनलाइन शॉपिंग की जाती थी।
सर्विलांस सेल के प्रभारी अनुराग मिश्र ने बताया कि गाजीपुर के कुश्ती खिलाड़ी विरेंद्र कुमार यादव के पीनएनबी के एटीएम कार्ड से 48 हजार रुपये की ऑनलाइन शॉपिंग इसी गैंग ने की थी।
इसके अलावा आलमनगर स्टेशन के पास रहने वाले रघुवीर प्रसाद, राजाजीपुर के इंदीवर प्रसाद तिवारी, सीतापुर में 11वीं वाहिनी पीएसी में तैनात हेड कांस्टेबल उमेश राम, त्रिवेणी नगर फेज वन के राजेश कुमार गुप्ता, राजाजीपुरम सपना कालोनी के रोहन श्रीवास्तव, राजाजीपुरम सेक्टर ई के धनंजय दुआ और काकोरी निवासी अमित कुमार के कार्ड से भी रकम उड़ाई थी।
साइबर सेल खुलते ही पकड़ा गया था तौसीब इंस्पेक्टर भगवान सिंह ने बताया कि साइबर सेल शुरू होने के बाद पहली गिरफ्तारी तौसीब की ही थी। अब दूसरी बार पकड़ा गया है।
बैंककर्मी बन खाते से निकाले रुपए
खुद को बैंक कर्मचारी बता जालसाज ने एक अधिकारी से एटीएम कार्ड के कोड सहित अन्य जानकारी लेकर रुपये उड़ा दिए। पीड़ित ने सोमवार को रिपोर्ट दर्ज कराई है। पुलिस के मुताबिक, मवैया स्थित बलंड स्क्वायर निवासी श्यामू यादव निजी मोबाइल कंपनी में अधिकारी हैं। श्यामू के अनुसार शनिवार दोपहर उनके मोबाइल पर एक कॉल आई।
फोन करने वाले ने खुद को बैंक कर्मी बताते हुए एटीएम कार्ड रिनीवल कराने की बात कहते हुए पिनकोड सहित अन्य जानकारी ले ली। इसके कुछ देर बाद ही अकाउंट से करीब 18 हजार पांच सौ रुपये उड़ा दिए। जानकारी होने पर पीड़ित ने रिपोर्ट दर्ज कराई है।