फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   Created pressure on police by claiming himself as MLA's brother

Lucknow News: खुद को विधायक का भाई बता पुलिस पर बनाया दबाव

Fri, 18 Oct 2024 01:44 AM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ
संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ Updated Fri, 18 Oct 2024 01:44 AM IST
विज्ञापन
Created pressure on police by claiming himself as MLA's brother
ट्रैफिक पुलिस ने इसी वाहन का किया चालान और कार में बैठे सवार। - फोटो : संवाद
रायबरेली। मैं विधायक शहजिल इस्लाम का भाई हूं...। गाड़ी का पास बना है...। बिना चेक किए जाने दो वरना पछताओगे...। एक युवक ने इसी अंदाज में बृहस्पतिवार को ट्रैफिक पुलिस पर दबाव बनाते हुए चेकिंग से बचने का प्रयास किया। हालांकि, पुलिस ने जब अपने तेवर तीखे किए तो युवक ने सच बयां कर दिया। उसने कहा कि वह विधायक का भाई नहीं है, बल्कि उनकी गाड़ी के साथ चलता है।
विज्ञापन


युवक ने गाड़ी पर विधायक का पास लगा रखा था। पुलिस ने इसे चेक किया तो पाया कि यह दिसंबर 2023 तक ही मान्य था। इस पर पुलिस ने पास हटवा कर वाहन का चालान कर दिया। इसके साथ ही सचिवालय का पास लगाने पर छह अन्य वाहनों का चालान किया गया। दरअसल, ट्रैफिक पुलिस बृहस्पतिवार को ब्लैक फिल्म, लाल-नीली बत्ती, हूटर, सचिवालय और विधायक का पास लगाकर फर्राटा भर रहे वाहनों की चेकिंग का अभियान चला रही थी।
विज्ञापन


इस बीच लखनऊ के निशातगंज का राशिद अली खान लखनऊ से प्रयागराज जा रहा था। गाड़ी उसका चालक चला रहा था। सिविल लाइंस चौराहे पर यातायात प्रभारी अजय सिंह तोमर उसकी गाड़ी रुकवाकर चेकिंग करने लगे तो उसने खुद को विधायक का भाई बताते हुुए रौब गांठना शुरू कर दिया।
विज्ञापन
विज्ञापन


उसने गाड़ी पर लगा विधायक पास दिखाते हुए कहा कि उसे जल्दी जाना है, लिहाजा उसकी गाड़ी न चेक की जाए। यातायात प्रभारी ने जब पास चेक किया तो वह दिसंबर 2023 तक ही मान्य मिला। इससे दांव उल्टा पड़ गया। पुलिस ने सख्त रुख अपनाया तो राशिद ने बताया कि वह विधायक का भाई नहीं है, बल्कि उनकी गाड़ी के साथ चलता है।

इस पर यातायात प्रभारी ने गाड़ी का दो हजार रुपये का चालान काटते हुए राशिद को दोबारा ऐसी हरकत न करने की चेतावनी दी। इसके बाद वह चला गया। इसी तरह सचिवालय का पास लगाए मिले छह वाहनों का चालान करते हुए 12 हजार रुपये वसूले।


इसलिए लगाते हैं गाड़ियों में पास
यातायात प्रभारी अजय सिंह तोमर ने बताया कि विधायक या सचिवालय का पास लगवाने पर सचिवालय मेंं आने-जाने पर कोई रोकटोक नहीं होती है। प्रशासन पर दबाव बनाने के लिए भी पास लगवाए जाते हैं, ताकि कहीं जाने पर गाड़ी की चेकिंग और टोल टैक्स से बच जाएं।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed