फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   Cough syrup scandal: ED raids underway at 25 locations, including Lucknow, for 36 hours; multi-crore racket un

कफ सिरप कांड: सिपाही ने काली कमाई से बनाए आलीशान घर, लखनऊ समेत 25 ठिकानों पर 36 घंटे से ईडी की छापेमारी

Sat, 13 Dec 2025 12:07 PM IST
आकाश द्विवेदी अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ Published by: आकाश द्विवेदी Updated Sat, 13 Dec 2025 12:07 PM IST
सार

यूपी के कफ सिरप कांड में ईडी की कार्रवाई लगातार दूसरे दिन भी जारी रही, जहां 25 ठिकानों पर 36 घंटे से छापेमारी चल रही है। लखनऊ समेत कई शहरों में फैले करोड़ों के नशा रैकेट की कड़ियां जुड़ी हुई पाई गई हैं और जांच तेज कर दी गई है।

विज्ञापन
Cough syrup scandal: ED raids underway at 25 locations, including Lucknow, for 36 hours; multi-crore racket un
बर्खास्त सिपाही अलोक सिंह की कोठी - फोटो : अमर उजाला नेटवर्क

विस्तार

ईडी द्वारा रांची में शुभम जायसवाल की फर्म शैली ट्रेडर्स के ठिकानों पर छापों के दौरान 189 फर्जी फर्मों का ब्योरा मिला है, जिनके जरिए 450 करोड़ रुपये का टर्नओवर दर्शाया गया था। यह लेन-देन कफ सिरप की तस्करी को छिपाने के लिए दर्शाया गया था। वहीं शुभम जायसवाल के वाराणसी स्थित घर से तमाम लग्जरी सामान बरामद किया गया है, जिसमें प्रादा और गुच्ची के डिजाइनर बैग और राडो और ऑडेमर्स पिगुएट जैसे ब्रांड की हाई-एंड लग्जरी घड़ियां शामिल हैं। इनकी कीमत 1.5 करोड़ रुपये से ज्यादा है।

विज्ञापन


जांच में सामने आया है कि शुभम जायसवाल, बर्खास्त सिपाही आलोक सिंह, सहारनपुर के विभोर राणा व विशाल सिंह ने अपने आलीशान घरों में करोड़ों रुपये खर्च किए। अधिकारियों को शक है कि कफ सिरप की तस्करी से होने वाली बेशुमार काली कमाई को खर्च किया गया। सभी के घरों में इंटीरियर का महंगा काम कराया गया है। ईडी के अधिकारी सरकार से अधिकृत वैल्यूअर से घर और इंटीरियर की कीमत का पता लगा रहे हैं ताकि आगे उन्हें जब्त किया जा सके।
विज्ञापन

 

केवल कंस्ट्रक्शन में 5 करोड़ खर्च

बर्खास्त सिपाही आलोक प्रताप सिंह के घर की जांच में पता चला कि महल जैसी संपत्ति बनाने पर करोड़ों रुपये खर्च किए गए थे। शुरुआती जांच में अकेले कंस्ट्रक्शन की लागत लगभग 5 करोड़ रुपये आंकी गई है, जिसमें ज़मीन की कीमत शामिल नहीं है। 

आलोक का घर राजधानी के पॉश इलाके में होने की वजह से जमीन की कीमत का अलग से पता लगाया जाएगा। वहीं मेसर्स आर्पिक फार्मास्यूटिकल्स प्राइवेट लिमिटेड ने कोडीन-बेस्ड कफ सिरप के गैर-कानूनी व्यापार और डायवर्जन में कंपनी की संलिप्तता का खुलासा किया। कंपनी के ठिकानों पर छापे में कई करोड़ रुपये के बिना हिसाब के लेन-देन का पता चला है। यह भी सामने आया है कि आर्पिक फार्मा अपनी सहयोगी कंपनी मेसर्स इधिका लाइफ साइंसेज के साथ कफ सिरप की तस्करी कर रही थी।
विज्ञापन

36 घंटे छापेमारी जारी

प्रवर्तन निदेशालय की टीमों ने दूसरे दिन शनिवार को भी छोपमारी जारी रखी है। छापेमारी पिछले 36 घंटे से जारी है। सिंडिकेट के 25 ठिकानों पर टीम पहुंची है। ईडी की टीमों ने लखनऊ, वाराणसी, अहमदाबाद, जौनपुर, सहारनपुर और रांची के ठिकानों पर छापेमारी की है। वहीं, लखनऊ में आरोपी आलोक सिंह के ठिकानों पर छापा जारी है।

इसके पहले, कफ सिरप मामले में लखनऊ में कोडीन युक्त सिरप, टेबलेट, कैप्सूल और इंजेक्शन की कालाबाजारी के मामले में 11 अक्तूबर को गिरफ्तार हुए कृष्णानगर के स्नेहनगर निवासी दीपक मानवानी के दो साथियों सूरज मिश्र और प्रीतम सिंह को कृष्णानगर पुलिस ने गिरफ्तार किया है। इस मामले में आरोपियों का एक साथी आरुष सक्सेना अभी पकड़ा नहीं गया है। पुलिस टीम उसकी तलाश में लगी है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed