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सीएम योगी ने दिए सख्त निर्देश : हर अस्पताल की सुविधा-साधन का हो परीक्षण, जो कमी हो तत्काल करें दूर

Wed, 29 Dec 2021 08:29 PM IST
पंकज श्रीवास्‍तव न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ Published by: पंकज श्रीवास्‍तव Updated Wed, 29 Dec 2021 08:29 PM IST
सार

मुख्यमंत्री ने कहा है कि सभी जिलाधिकारी और मुख्य चिकित्साधिकारी स्वयं जिले के हर एक अस्पताल में उपलब्ध साधन-सुविधाओं का भौतिक सत्यापन करें।

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CM Yogi gave strict instructions: Every hospital facility should be tested, whatever is lacking, remove it immediately
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ - फोटो : amar ujala

विस्तार

विभिन्न राज्यों में बढ़ रहे कोरोना केस को देखते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश के चिकित्सा इंतजामों की गहनता से पड़ताल के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा है कि सभी जिलाधिकारी और मुख्य चिकित्साधिकारी स्वयं जिले के हर एक अस्पताल में उपलब्ध साधन-सुविधाओं का भौतिक सत्यापन करें। आइसोलेशन बेड, आईसीयू बेड, बच्चों के लिए जरूरी पीआईसीयू, पीडियाट्रिक विशेषज्ञ, वेंटिलेटर आदि की जांच कर ली जाए। अगर कहीं कोई कमी मिले तो तत्काल व्यवस्था सुधार कर इंतजाम दुरुस्त किये जाएं।

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बुधवार को उच्चस्तरीय टीम-9 की बैठक में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कोरोना के ताजा हालात पर चर्चा की। मुख्यमंत्री ने कहा कि कोविड संक्रमण के प्रसार को रोकने के लिए सख्ती के साथ प्रदेशव्यापी रात्रिकालीन कोरोना कर्फ्यू लागू किया जाए। पुलिस बल लगातार गश्त करे। मुख्यमंत्री ने कहा कि देश के किसी भी राज्य से अथवा विदेश से उत्तर प्रदेश की सीमा में आने वाले हर एक व्यक्ति की ट्रेसिंग/टेस्टिंग की जाए।
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बस स्टेशन, रेलवे स्टेशन और एयरपोर्ट पर अतिरिक्त सतर्कता बरती जाए। उन्होंने निर्देश दिए कि निगरानी समितियों को पुनः एक्टिव करें। गांव-शहरी वार्डों में बाहर से आने वाले हर एक व्यक्ति की टेस्टिंग कराएं। आवश्यकतानुसार लोगों को क्वारन्टीन कर मेडिकल किट उपलब्ध कराया जाए। दवाओं की पर्याप्त उपलब्धता बनाये रखने के निर्देश देते हुए उन्होंने कहा कि जरूरत के मुताबिक दवाओं की खरीद पहले से ही कर ली जाए।
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बता दें कि यूपी में फिलहाल ओमिक्रोन वैरिएंट का एक भी एक्टिव केस नहीं है। अब तक यहां मिले तीनों ही ओमिक्रोन मरीज कोविड नेगेटिव हो चुके हैं। इस बीच खतरे की आहट को देखते हुए सतर्कता के दृष्टिगत पूरे प्रदेश में रात 11 से सुबह 05 बजे तक कोरोना कर्फ्यू लागू कर दिया गया है। हर आम-ओ खास को घर से बाहर निकलने पर अनिवार्य रूप से मास्क लगाने की हिदायत दी गई है। बाजारों में बिना मास्क वाले लोगों को सामान न देने के लिए व्यापारियों को जागरूक भी किया जा रहा है। 

टेस्टिंग-टीकाकरण में यूपी है नम्बर 01
टेस्टिंग और टीकाकरण की बात करें तो यूपी दोनों ही मानकों पर देश में शीर्ष पायदान पर है। खबर लिखे जाने तल 19 करोड़ 83 से अधिक कोविड टीकाकरण और 09 करोड़ 25 लाख से अधिक टेस्टिंग की जा चुकी थी। यूपी में अब तक 07 करोड़ 15 लाख से अधिक लोगों को टीके की दोनों डोज देकर कोविड का सुरक्षा कवर प्रदान कर दिया गया है, जबकि 12 करोड़ 68 लाख लोगों ने टीके की पहली डोज प्राप्त कर ली है। टीकाकरण की रफ्तार देखते हुए पूरी संभावना है कि गुरुवार तक उत्तर प्रदेश 20 करोड़ डोज लगाने वाला पहला राज्य हो जाएगा।

473 एक्टिव केस, 25 जिलों में कोई मरीज नहीं: 
विगत 24 घंटे में हुई 02 लाख 548 सैम्पल की टेस्टिंग में 48 जिलों में संक्रमण का एक भी नया केस नहीं पाया गया। कुल 118 नए केस मिले, जबकि 36 मरीज स्वस्थ होकर डिस्चार्ज हुए। वर्तमान में प्रदेश में एक्टिव कोविड केस की संख्या 473 है। 25 जिलों में कोरोना का कोई मरीज नहीं है। वर्तमान में यूपी की कोविड रिकवरी दर 98.6 फीसदी है, जबकि पॉजिटिविटी दर 1.86% है।

कोरोना से बचाव के लिए सीएम सतर्क, दिए निर्देश
◆ हर जिले में एक-एक अस्पताल में उपलब्ध संसाधनों की भौतिक परीक्षण हो। आइसोलेशन बेड, आईसीयू बेड, चिकित्सकों की संख्या, विशेषज्ञता, पैरामेडिकल स्टाफ की उपलब्धता सत्यापित की जाए। 

◆ वेंटिलेटर की क्रियाशीलता की जांच करें। नीकू, पीकू की संख्या आवश्यकतानुसार और बढ़ाई जाए।
◆ प्रदेश में 551 ऑक्सीजन प्लांट क्रियाशील हो चुके हैं। प्रत्येक ऑक्सीजन प्लांट के संचालन के लिए कम से कम तीन कार्मिकों की तैनाती की जाए। 
◆ इंटीग्रेटेड कोविड कमांड सेंटर 24×7 एक्टिव मोड में रखे जाएं।
◆ आवश्यक दवाओं की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित की जाए। किसी भी जीवनरक्षक दवा का अभाव न हो। इस संबंध में समीक्षा कर समय से आपूर्ति सुनिश्चित करा ली जाए। 
◆ बाजारों में "मास्क नहीं तो सामान नहीं" के संदेश के साथ व्यापारियों को जागरूक करें। बिना मास्क कोई भी दुकानदार ग्राहक को सामान न दे।
◆ पुलिस बल लगातार गश्त करे। पब्लिक एड्रेस सिस्टम को और प्रभावी बनाया जाए। 
◆ सड़कों/बाजारों में निकलने के लिए प्रत्येक दशा में मास्क लगाया जाना अनिवार्य किया जाए।

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