काकोरी ट्रेन एक्शन की याद में टिकट अनावरण: योगी बोले- जाति, धर्म और क्षेत्र में बंटकर देश को कमजोर न होने दें
काकोरी ट्रेन एक्शन की वर्षगांठ पर आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लोगों से एकता और अखंडता की अपील की है। उन्होंने लोगों से पूरे जोश और उल्लास के साथ हर घर तिरंगा फहराने के लिए भी अपील की।
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मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने देश की एकता और अखंडता के लिए सभी देशवासियों से एकजुट होने की अपील की है। उन्होंने प्रदेशवासियों से आजादी का अमृत महोत्सव पूरे जोश और उल्लास के साथ हर घर तिरंगा फहराकर मनाने के लिए कहा। मौका था काकोरी ट्रेन एक्शन की वर्षगांठ पर काकोरी के शहीद मंदिर में मंगलवार को आयोजित कार्यक्रम का। इस मौके पर उन्होंने काकोरी ट्रेन एक्शन को समर्पित डाक टिकट का अनावरण किया। संस्कृति विभाग के रेडियो जयघोष का शुभारंभ करने के साथ ही उन्होंने स्वतंत्रता संग्राम सेनानी, क्रांतिकारी और शहीदों के परिजनों को सम्मानित भी किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि आजादी के अमृत महोत्सव के दौरान 15 अगस्त तक विभिन्न आयोजन होंगे। इस दौरान 14 अगस्त की तारीख भी आएगी। यह दिन बंटवारे की विभीषिका की याद दिलाता है। हमें नहीं भूलना चाहिए कि इसी दिन हमारा देश दो टुकड़ों में बंट गया था। अगर अभी भी हम जाति, धर्म और क्षेत्र में बंटेंगे तो देश कमजोर होगा और स्वाधीनता पर संकट खड़ा होगा। हमें संकल्प लेना है कि हम खुद को बंटने नहीं देंगे।
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि आज ही के दिन क्रांतिकारियों ने काकोरी की प्रसिद्ध घटना को अंजाम दिया था। तमाम अत्याचारों के बावजूद देश के वीरों को विदेशी ताकतें रोक नहीं सकीं थीं। हम भाग्यशाली हैं कि उत्तर प्रदेश की पावन धरती पर पैदा हुए हैं। इसी पावन धरती पर 1857 की आजादी की पहली लड़ाई शुरू हुई थी। मंगल पांडेय ने मेरठ तो रानी लक्ष्मीबाई ने अपनी झांसी नहीं दूंगी, कहकर अंग्रेजों को ललकारा था। काकोरी ट्रेन एक्शन, गोरखपुर में चौरी-चौरा कांड जैसी घटनाओं ने देश को आजाद कराने में अहम योगदान दिया। राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के नेतृत्व में सरदार वल्लभ भाई पटेल, सुभाष चंद्र बोस, चंद्रशेखर आजाद, रामप्रसाद बिस्मिल और भगत सिंह जैसे वीरों की वजह से देश आजाद हुआ। उन्हीं वीरों की वजह से आज देश आजादी का अमृत महोत्सव मना रहा है। इस मौके पर उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक के साथ ही विधायक जयदेवी, आशुतोष टंडन, महेंद्र सिंह व मेयर संयुक्ता भाटिया, मुख्य सचिव दुर्गाशंकर मिश्रा तथा अपर मुख्य सचिव अवनीश अवस्थी मौजूद रहे।
अगले 25 साल का लक्ष्य दिखाएगा नए भारत की तस्वीर
मुख्यमंत्री ने कहा, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश के नागरिकों से कहा है कि अगले 25 साल का लक्ष्य तय करें कि वे देश को किस रूप में देखना चाहते हैं। जब हम आजादी की सौवीं वर्षगांठ मना रहे होंगे तब हमारे सपनों का भारत हमारे सामने होगा। इसकी नींव हमें आज से ही रखनी होगी।
4,679 रुपये के लिए अंग्रेजों ने खर्च की 10 लाख से ज्यादा की रकम
मुख्यमंत्री ने कहा कि काकोरी ट्रेन एक्शन की घटना अंग्रेजों के लिए कितनी बड़ी चुनौती थी, इसका अंदाजा इससे लगाया जा सकता है कि महज 4679 रुपये के लिए उन्होंने उस समय 10 लाख रुपये से ज्यादा की राशि खर्च की। इस घटना के बाद पूरे देश में छापे मारे गए। काकोरी ट्रेन एक्शन में शामिल होने पर रामप्रसाद बिस्मिल, अशफाक उल्ला खां और ठाकुर रोशन सिंह को फांसी की सजा दी गई थी। इसके अलावा काफी क्रांतिकारियों को लंबी-लंबी सजाएं दी गईं थीं।
इनका हुआ सम्मान
- 97 वर्षीय स्वतंत्रता संग्राम सेनानी- शिव नारायण गुप्ता
- क्रांतिकारी रामकृष्ण खत्री के पुत्र- उदय खत्री
- शचींद्र नाथ बख्शी के पुत्र- राजेंद्रनाथ बख्शी
- शहीद रोशन सिंह की सुपुत्री- सरिता सिंह
- शहीद अशफाक उल्ला खां के पौत्र- आफाक
- परमवीर चक्र विजेता कैप्टन मनोज पांडेय के पिता- गोपीचंद पांडेय
- कारगिल शहीद केवलानंद द्विवेदी की पत्नी- विमला द्विवेदी
- कारगिल शहीद राइफलमैन सुनील जंग की मां- बीना महत।