लखनऊ गैंगरेप: क्या कर रही है सीबीआई?
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राज्य सरकार द्वारा मोहनलालगंज में युवती के साथ दरिंदगी के मामले की सीबीआई जांच की सिफारिश करने के बावजूद केंद्रीय जांच एजेंसी ने अभी तक रुख स्पष्ट नहीं किया है।
लगभग एक सप्ताह बाद भी सीबीआई द्वारा जांच न किए जाने पर सवाल उठने लगे हैं। सरकार का सिफारिशी लेटर 28 जुलाई को केंद्र भेज दिया गया था।
अफसरों का वादा, जल्द शुरू होगी जांच
जिस तरह मातहत अधिकारियों ने इस सनसनीखेज मामले की तफ्तीश की और लगातार विवाद सामने आते रहे।
इससे नाराज मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने मामले की सीबीआई जांच कराने के लिए पत्र भेजने का फैसला किया था।
हालांकि, आला अफसर यह मान रहे थे कि सीबीआई इस मामले को जल्दी ही अपने हाथ में ले लेगी, लेकिन उनके कयास फिलहाल गलत साबित हो रहे हैं।
जांच नहीं करना चाहते सीबीआई अफसर
सीबीआई के सूत्रों का कहना है कि उच्च स्तर पर कुछ अधिकारी इस मामले की जांच लिए जाने के पक्षधर नहीं हैं।
उनका मत है कि उत्तर प्रदेश सरकार कई ऐसे सनसनीखेज मामलों की जांच सीबीआई को तब संदर्भित करती है जबकि मामला पूरी तरह बिगड़ चुका हो और साक्ष्य के नाम पर कुछ ही बचा हो।
सूत्रों के अनुसार सीबीआई इस मामले में यह मंथन कर रही है कि ऐसा न हो कि पूर्व में कुछ अन्य मामलों में जो दिक्कते आ रही हैं, वैसा ही इस बार भी न हो। इससे ही सीबीआई अफसर असमंजस में हैं।