{"_id":"679a91c132268cc6660fac4e","slug":"buses-stopped-on-the-way-triveni-canceled-lucknow-news-c-13-1-lko1029-1055305-2025-01-30","type":"story","status":"publish","title_hn":"Lucknow News: रास्ते में रोकीं बसें, त्रिवेणी निरस्त","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Lucknow News: रास्ते में रोकीं बसें, त्रिवेणी निरस्त
विज्ञापन
विज्ञापन
लखनऊ। प्रयागराज में मंगलवार देर रात हुए हादसे के बाद परिवहन व्यवस्थाएं ठप हो गईं। लखनऊ से प्रयागराज जाने वाली करीब सौ बसों को बछरावां, रायबरेली में रोक दिया गया। ट्रेन 15074 त्रिवेणी एक्सप्रेस बुधवार को निरस्त कर दी गई। 52 हजार से अधिक श्रद्धालु मौनी अमावस्या पर स्नान के लिए नहीं पहुंच सके।
स्नान के बाद 12 हजार यात्री लखनऊ लौटे। हालांकि, अधिकारियों के अनुसार अब भी करीब 30 हजार यात्री प्रयागराज में फंसे हैं, जो हालात सामान्य होने पर लौट सकेंगे।
मौनी अमावस्या पर स्नान के लिए बड़ी संख्या में लोग महाकुंभ में पहुंचे थे। देर रात हादसे के बाद प्रयागराज से जुड़े जिलों पर बैरिकेडिंग कर दी गई। अफसरों ने बताया कि लखनऊ से रवाना बसों को बीच रास्ते में बैरिकेडिंग कर रोकना पड़ा।
विज्ञापन
इससे प्रयागराज जाने के लिए बुधवार को आलमनगर टर्मिनल पहुंचे लोगों को बसें नहीं मिलीं। अकेले बसों से 18 हजार से अधिक यात्री प्रयागराज नहीं जा सके। उधर, बेला कछार फाफामऊ में बने अड्डे से बसें लखनऊ नहीं आ सकीं।
ठसाठस होकर लौटीं ट्रेनें
मौनी अमावस्या पर महाकुंभ में स्नान कर 12 हजार यात्री पांच ट्रेनों से लखनऊ लौटे। ये ट्रेनें ठसाठस भरी थीं। रेलवे स्टेशन तक पहुंचने में यात्रियों के पसीने छूट गए। बरेली-प्रयागराज एक्सप्रेस (14308), नौचंदी एक्सप्रेस (14242), लखनऊ-प्रयाग इंटरसिटी (14210), गंगा गोमती एक्सप्रेस (14216) व त्रिवेणी एक्सप्रेस(15074) से लोग लखनऊ पहुंचे।
महंगी फ्लाइट से पहुंचे, स्नान के लिए जूझे
बसों, ट्रेनों में सीट के लिए मारामारी को देखते हुए कई लोग विमानों से प्रयागराज पहुंचे थे। हादसे के चलते इन्हें भी स्नान के लिए मशक्कत करनी पड़ी। इंडिगो की फ्लाइट 6ई-7935 से 10,742 रुपये का टिकट लेकर पहुंचे आलमबाग के आनंद पाठक ने बताया कि अरेल की ओर से घाट तक गए थे। इसके बाद किसी तरह स्नान कर पाए।
लंबी दूरी की ट्रेनें फाफामऊ में रोकीं
हादसे के बाद एहतियातन ट्रेनों से उतरे यात्रियों को प्रयाग स्टेशन पर ही रोक दिया गया। लंबी दूरी की ट्रेनों को फाफामऊ में स्टॉपेज दिया गया। उत्तर रेलवे लखनऊ मंडल के सीनियर डीसीएम कुलदीप तिवारी ने बताया कि प्रयाग के स्टेशनों पर सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई।
स्नान के बाद 12 हजार यात्री लखनऊ लौटे। हालांकि, अधिकारियों के अनुसार अब भी करीब 30 हजार यात्री प्रयागराज में फंसे हैं, जो हालात सामान्य होने पर लौट सकेंगे।
विज्ञापन
मौनी अमावस्या पर स्नान के लिए बड़ी संख्या में लोग महाकुंभ में पहुंचे थे। देर रात हादसे के बाद प्रयागराज से जुड़े जिलों पर बैरिकेडिंग कर दी गई। अफसरों ने बताया कि लखनऊ से रवाना बसों को बीच रास्ते में बैरिकेडिंग कर रोकना पड़ा।
विज्ञापन
इससे प्रयागराज जाने के लिए बुधवार को आलमनगर टर्मिनल पहुंचे लोगों को बसें नहीं मिलीं। अकेले बसों से 18 हजार से अधिक यात्री प्रयागराज नहीं जा सके। उधर, बेला कछार फाफामऊ में बने अड्डे से बसें लखनऊ नहीं आ सकीं।
ठसाठस होकर लौटीं ट्रेनें
मौनी अमावस्या पर महाकुंभ में स्नान कर 12 हजार यात्री पांच ट्रेनों से लखनऊ लौटे। ये ट्रेनें ठसाठस भरी थीं। रेलवे स्टेशन तक पहुंचने में यात्रियों के पसीने छूट गए। बरेली-प्रयागराज एक्सप्रेस (14308), नौचंदी एक्सप्रेस (14242), लखनऊ-प्रयाग इंटरसिटी (14210), गंगा गोमती एक्सप्रेस (14216) व त्रिवेणी एक्सप्रेस(15074) से लोग लखनऊ पहुंचे।
महंगी फ्लाइट से पहुंचे, स्नान के लिए जूझे
बसों, ट्रेनों में सीट के लिए मारामारी को देखते हुए कई लोग विमानों से प्रयागराज पहुंचे थे। हादसे के चलते इन्हें भी स्नान के लिए मशक्कत करनी पड़ी। इंडिगो की फ्लाइट 6ई-7935 से 10,742 रुपये का टिकट लेकर पहुंचे आलमबाग के आनंद पाठक ने बताया कि अरेल की ओर से घाट तक गए थे। इसके बाद किसी तरह स्नान कर पाए।
लंबी दूरी की ट्रेनें फाफामऊ में रोकीं
हादसे के बाद एहतियातन ट्रेनों से उतरे यात्रियों को प्रयाग स्टेशन पर ही रोक दिया गया। लंबी दूरी की ट्रेनों को फाफामऊ में स्टॉपेज दिया गया। उत्तर रेलवे लखनऊ मंडल के सीनियर डीसीएम कुलदीप तिवारी ने बताया कि प्रयाग के स्टेशनों पर सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई।