मिशन 2017 के लिए इस तरह काम कर रहे हैं भाजपाई
भाजपा के प्रदेश प्रभारी ओम माथुर ने सूबे की जमीनी हकीकत जानने के लिए प्रदेश का दौरा करने का फैसला किया है। पहले चरण में वे भाजपा के सांगठनिक लिहाज से गठित सभी क्षेत्रों में पार्टी की पकड़ व पहुंच को परखेंगे। इससे निकले निष्कर्षों के आधार पर आगे की रणनीति तय करेंगे।
जानकारी के मुताबिक, माथुर 15 से 21 जनवरी तक प्रदेश में रहेंगे। इस दौरान वे सभी क्षेत्रों के प्रमुख पार्टी कार्यकर्ताओं से मिलकर उनसे लोकसभा चुनाव और विधानसभा के पिछले चुनाव के आधार पर पार्टी की स्थिति के बारे में जानकारी लेंगे।
निकट भविष्य में होने वाले पंचायतों के चुनाव और उसके बाद प्रदेश विधानसभा चुनाव में पार्टी की संभावनाओं पर भी चर्चा करेंगे।
इन बातों पर रहेगा जोर : दौरे में माथुर का जोर खास तौर से इस बात पर रहेगा कि विधानसभा चुनाव से लोकसभा चुनाव के बीच मतों में बढ़ोतरी के प्रमुख कारण क्या रहे।
मोदी के नेतृत्व में बदलाव की बयार में इलाके के कौन-कौन प्रमुख लोग पार्टी में आए और इससे क्या परिवर्तन हुआ। वे यह जानने की भी कोशिश करेंगे कि सामाजिक समीकरणों के मद्देनजर रणनीति में किसी बदलाव की जरूरत तो नहीं है।
ये भी है भाजपा के एजेंडे में
वे स्थानीय स्तर पर पार्टी के पुराने कार्यकर्ताओं व नेताओं से भी संवाद स्थापित करने के साथ ही भाजपा से अब तक विधानसभा चुनाव लड़ने वालों के बारे में जानकारी जुटाएंगे।
स्थानीय सामाजिक व सियासी समीकरणों के मद्देनजर नेतृत्व विकसित करने पर भी चर्चा होगी। पंचायत चुनावों के मद्देनजर स्थानीय स्तर पर संभावनाएं टटोलने की भी कोशिश करेंगे।
कब कहां पहुंचेंगे: माथुर 15 जनवरी को गाजियाबाद में पश्चिम क्षेत्र की बैठक के साथ दौरा शुरू करेंगे। 16 को वे टूंडला में बृज क्षेत्र के कार्यकर्ताओं के साथ संगठनात्मक मुद्दों पर बातचीत करेंगे। 17 को कानपुर में बैठक के बाद रात को लखनऊ आ जाएंगे।
वे 18 जनवरी को गोरखपुर, 19 को वाराणसी तथा 20 जनवरी को बांदा में बुंदेलखंड क्षेत्र की बैठक करेंगे। इसी दिन वे लखनऊ आएंगे और 21 जनवरी को यहां अवध क्षेत्र की बैठक के बाद लौट जाएंगे।