अयोध्या में बाबरी मस्जिद के मॉडल से मची हड़कंप
मंदिर के लिए शिलाएं पहुंचने के बाद बुधवार को बाबरी मस्जिद का मॉडल सामने आने से हड़कंप मच गया। प्रशासन ने फौरन दखल देकर मॉडल से बाबरी मस्जिद की पट्टी तो हटवा दी। इससे नाराज तकरीबन 40 लोग राम जन्मभूमि थाने पहुंचे और विरोध जताया, प्रशासन ने उन्हें समझाबुझाकर वापस भेज दिया।
मंदिर के लिए राजस्थान से दो ट्रकों में शिलाएं आने के विरोध में मस्जिद के पक्षकारों ने भी पत्थर मंगवाने की बात कही थी।
बुधवार को पैगंबरे इस्लाम हजरत मोहम्मद साहब की पैदाइश के मौके पर कजियाना मोहल्ला में नूरानी कमेटी की ओर से सजाए गए मंच पर थर्माकोल से बना बाबरी मस्जिद का मॉडल मुख्य मार्ग पर सजा दिया गया। यह अधिगृहीत विवादित परिसर की बैरीकेडिंग के ठीक सामने है।
जानकारी होते ही आईबी, स्पेशल ब्रांच और एलआईयू ने सबसे पहले उच्चाधिकारियों को सूचना दी।
बाबरी के पक्षकार को भी नहीं जानकारी
डीएम अनिल ढींगरा और एसएसपी ने तत्काल एडीएम सिटी आरएन शर्मा और एसपी सिटी आरएस गौतम को मौके पर भेजा गया। अफसरों ने बाबरी मस्जिद मामले के पक्षकार हाजी महबूब के दो सौ कदम दूर आवास पर जाकर पता किया। उन्होंने इसमें शामिल होने से इन्कार किया।
बोले, आयोजन हाशिम अंसारी के घर के पास हो रहा है। उनको देखना चाहिए। हमने संदेश भेजवा दिया है, अभी सब हट जाएगा।
उधर हाशिम बीमार होने की वजह से सो रहे थे, बाबरी मस्जिद के उत्तराधिकारी पैरोकार उनके पुत्र इकबाल अंसारी ने कहा कि मोहल्ले के लड़कों ने ऐसा किया है, अब्बू की सहमति नहीं है।
मामले पर एसपी सिटी आरएस गौतम का कहना है कि बाबरी मस्जिद का बोर्ड हट गया है। स्थिति पूरी तरह सामान्य है। सार्वजनिक तौर पर इस तरह के काम की इजाजत नहीं दी जा सकती।