{"_id":"66b250acd9581fbd0806d1a4","slug":"ayodhya-rape-case-minor-victim-got-abortion-she-was-12-weeks-pregnant-condition-normal-2024-08-06","type":"story","status":"publish","title_hn":"अयोध्या दुष्कर्म मामला: पीड़िता नाबालिग का कराया गया गर्भपात, 12 सप्ताह की थी गर्भवती, हालत सामान्य","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अयोध्या दुष्कर्म मामला: पीड़िता नाबालिग का कराया गया गर्भपात, 12 सप्ताह की थी गर्भवती, हालत सामान्य
Wed, 07 Aug 2024 07:06 AM IST
रोहित मिश्र
अमर उजाला सिटी रिपोर्टर, लखनऊ
अमर उजाला सिटी रिपोर्टर, लखनऊ
Published by: रोहित मिश्र
Updated Wed, 07 Aug 2024 07:06 AM IST
सार
Ayodhya rape case:अयोध्या दुष्कर्म पीड़ित नाबालिग लड़की का लखनऊ के क्वीन मेरी अस्पताल में डॉक्टरों की टीम सुरक्षित गर्भपात करा दिया। उसे 12 सप्ताह का गर्भ था।
विज्ञापन
अयोध्या से लखनऊ किया गया था रेफर।
- फोटो : amar ujala
विस्तार
अयोध्या में हुए सामूहिक दुष्कर्म की पीड़िता का मंगलवार को गर्भपात कराया गया। किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (केजीएमयू) के क्वीन मेरी अस्पताल में डॉक्टरों की टीम ने यह गर्भपात कराया। इस मामले पर केजीएमयू प्रशासन ने कुछ भी बोलने से इंकार किया है। हालांकि अस्पताल के सूत्रों तथा पीड़िता की मां ने मंगलवार शाम गर्भपात होने की पुष्टि की है।
विज्ञापन
दुष्कर्म पीड़िता को सोमवार को अयोध्या से केजीएमयू के लिए रेफर किया गया था। उसके साथ सीएमओ के साथ ही अन्य अधिकारी भी आए थे। केजीएमयू में डॉक्टरों की टीम ने उसका परीक्षण किया तथा सब कुछ नॉर्मल होने पर मंगलवार को उसका गर्भपात कराया। इस मामले में पीड़िता की उम्र 18 साल से कम थी। पीड़िता को 12 सप्ताह का गर्भ था, इसलिए गर्भपात में कोई कानूनी अड़चन नहीं थी। सुप्रीम कोर्ट के आदेश के मुताबिक 24 सप्ताह तक के समय में गर्भपात किया जा सकता है। पूर्व में यह अवधि 20 सप्ताह थी। इसको देखते हुए अस्पताल प्रशासन ने गर्भपात करने का फैसला किया। गर्भपात के बाद बिटिया की हालत सामान्य है। उम्मीद है कि जल्द ही उसे अस्पताल से छुट्टी दे दी जाएगी।
विज्ञापन
मां बोली, पुलिस है फिर भी बहुत डर लग रहा है यहां...
नाबालिग दुष्कर्म पीड़िता की मां ने बताया कि मंगलवार दोपहर बेटी का गर्भपात कराया गया। उनके अनुसार यहां पर काफी पुलिस लगाई गई है, लेकिन इतने बड़े अस्पताल में आकर काफी डर लग रहा है। पीड़िता की मां ने अपने साथ परिवार के कुछ लोगों साथ बने रहने के लिए कहा है। उनके अनुसार पहली बार इतने बड़े अस्पताल में हूं। सुरक्षा के लिए पुलिस भी तैनात है। बिटिया के कमरे के बाहर कई पुलिस वाले लगातार ड्यूटी दे रहे हैं। इसके बावजूद अनजाना डर बना हुआ है।
विज्ञापन