दक्ष युवाओं को रोजगार के लिए बने 10 साल की नीति : वित्त मंत्री अरुण जेटली
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केंद्रीय वित्त मंत्री अरुण जेटली ने कहा कि प्रदेश सरकार को तकनीकी रूप से दक्ष युवाओं को रोजगार देने के लिए 10 साल की नीति तैयार करनी चाहिए। रक्षा उद्योगों के लिए दक्ष युवाओं की जरूरत होगी। डिफेंस कॉरिडोर के निकट आईआईटी कानपुर जैसी तकनीकी संस्थाएं बनानी होंगी।
यूपी इन्वेस्टर्स समिट के समापन समारोह में जेटली ने कहा कि आज के युग में निवेशकों के पास भारत के राज्यों ही नहीं, विदेशों तक में निवेश का विकल्प खुला है। जब तक कोई प्रदेश आकर्षण का केंद्र नहीं बनेगा, तब तक लोग निवेश से हिचकेंगे।
उन्होंने कहा कि निवेश से आर्थिक गतिविधियां बढ़ती हैं और लोगों की आय बढ़ती है। आमदनी बढ़ने से शासन का राजस्व बढ़ता है और सरकार बुनियादी ढांचे के विकास पर खर्च करती है। बुनियादी ढांचा विकसित होने पर और निवेश आता है। यह चक्र चलता रहता है। उन्होंने सफल इन्वेस्टर्स समिट के लिए सीएम योगी आदित्यनाथ को बधाई दी। कहा कि उनके नेतृत्व में प्रदेश तेजी से विकास के पथ पर बढ़ा है। पिछले 11 महीने में कानून -व्यवस्था की स्थिति मजबूत हुई है। प्रदेश में आर्थिक स्थिरता का युग आया है।
राजनीतिज्ञों की शब्दावली बदली
जेटली ने कहा, सरकारें बदलती हैं, मुख्यमंत्री, मंत्री बदलते हैं लेकिन प्रांत की स्थिति में परिवर्तन नहीं होता। नेतृत्व की पहचान इससे होती है कि वह प्रदेश को किस दिशा में छोड़कर गया है। योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में नया इतिहास लिखने का प्रयास हो रहा है। प्रदेश में चर्चा का विषय बदला है। राजनीतिज्ञों की शब्दावली बदली है। दुर्भाग्य है कि यूपी में जाति-धर्म के जोड़तोड़ से काम चलता रहा। पहली बार विकास की सोच पैदा हुई है। सीएम योगी में कड़े निर्णय लेने की क्षमता है। जब नेतृत्व में व्यवस्था को भ्रष्टाचार से मुक्त रखने की क्षमता होती है तो निवेश बढ़ता है और विकास को गति मिलती है। यह समिट प्रदेश का एजेंडा बदलने का बहुत बड़ा प्रयास है।
परिवहन व्यवस्था को आधुनिक, रोजगारपरक बनाएं
केंद्रीय वित्त मंत्री ने कहा कि यूपी में रेलवे का बहुत बड़ा नेटवर्क है। केंद्र सरकार रेल के आधुनिकीकरण पर आगे बढ़ रही है। केवल रेल का आधुनिकीकरण ही प्रदेश के नक्शे को बदल सकता है। इसके साथ ही स्टेट ट्रांसपोर्ट में रिफॉर्म होने चाहिए। राज्य को अपनी परिवहन व्यवस्था को भी आधुनिक और रोजगारपरक बनाना होगा। प्रदेश में बड़ी संख्या में हाईवे हैं, एयरपोर्ट का जाल बिछा है।
विकास का इंजन है शहरी ढांचा
अरुण जेटली ने कहा कि शहरी ढांचा विकास का इंजन होता है। प्रदेश में अगर नोएडा जैसे चार-पांच शहर विकसित कर लिए जाएं तो यूपी के विकास को नई गति मिलेगी। चार-पांच साल में नोएडा, गाजियाबाद जैसे 20 शहर विकसित किए जा सकते हैं।
क्लस्टर की अगली कड़ी है ओडीओपी
जेटली ने मुख्यमंत्री की एक जिला-एक उत्पाद योजना की प्रशंसा करते हुए कहा कि दुनिया में क्लस्टर पर काफी अध्ययन हुआ है। यह उसकी ही अगली पड़ी है। उन्होंने प्रदेश में धार्मिक पर्यटन की भी संभावना जताई।