{"_id":"6446a3626b17965723087483","slug":"artificial-intelligence-will-be-used-in-jails-of-uttar-pradesh-2023-04-24","type":"story","status":"publish","title_hn":"UP Jail: आर्टिफिशिएल इंटेलीजेंस से जेलों में होगी कुख्यात अपराधियों की निगरानी, ये होगी सुरक्षा व्यवस्था","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
UP Jail: आर्टिफिशिएल इंटेलीजेंस से जेलों में होगी कुख्यात अपराधियों की निगरानी, ये होगी सुरक्षा व्यवस्था
Mon, 24 Apr 2023 09:12 PM IST
ishwar ashish
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
Published by: ishwar ashish
Updated Mon, 24 Apr 2023 09:12 PM IST
सार
यूपी की जेलों में कुख्यात अपराधियों की निगरानी अब आर्टिफिशिएल इंटेलीजेंस से होगी। पांच हाई सिक्योरिटी जेलों को अत्याधुनिक तकनीक से लैस किया गया है।
विज्ञापन
- फोटो : फाइल फोटो
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
उत्तर प्रदेश के जिन जेलों में कुख्यात अपराधी और माफिया बंद हैं, वहां कड़ी निगरानी होगी। इसके लिए जेलों को आर्टिफिशिएल इंटेलीजेंस (एआई) से लैस किया जाएगा। पांच हाई सिक्योरिटी जेलों में ड्यूअल व्यू स्कैनर बैगेज, फुल ह्यूमन बॉडी वार्न स्कैनर और मुलाकात घर के लिए कांटेक्ट लैस ग्लास समेत नई तकनीक वाले उपकरण क लगाए गए हैं।
विज्ञापन
वहीं, जेलों में निरुद्ध कैदियों की रिमांड कराने के लिए अब तक 145 वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग हॉल स्थापित किए जा चुके हैं, इनमें 72 कारागार और 73 जिला न्यायालय शामिल हैं। इसके अतिरिक्त वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से प्रस्तावित बैठकों के लिए मल्टी कॉन्फ्रेंस यूनिट का निर्माण कार्य तेजी से चल रहा है।
विज्ञापन
ये भी पढ़ें - अखिलेश से मिले बिहार के सीएम नीतीश, बोले- सभी के साथ मिलकर भाजपा को सत्ता से बेदखल करेंगे
विज्ञापन
ये भी पढ़ें - यूपी में दोपहर बाद बदला मौसम, 60 किमी. की रफ्तार से चली आंधी, कई जिलों में पड़े ओले
जेलों की सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने के लिए सीसीटीवी सर्विलांस यूनिट की स्थापना की जा रही है। जेलों में संवेदनशील स्थलों को चिह्नित करते हुए कम से कम 30 कैमरे लगाए गए हैं। इस तरह वर्तमान में सभी कारागारों में 3,600 से अधिक सीसीटीवी कैमरे लगाए जा चुके हैं।
इतना ही नहीं, इन कैमरों की संख्या में वृद्धि व पुनर्स्थापन और 30 कारागारों में सर्वर लगाने का काम पूरा हो चुका है। अभी तक 1,200 से अधिक कैमरे इसमें संयोजित हो चुके हैं, जिन्हें एआई के जरिये अलर्ट मिलता है। सीसीटीवी की लाइव फीड कारागार मुख्यालय में मिल रही है।