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Amethi massacre : रात में ही पोस्टमार्टम करवाने की तैयारी, हत्यारों ने गांव तक किया था सुनील का पीछा
Fri, 04 Oct 2024 12:10 AM IST
पंकज श्रीवास्तव
अमर उजाला नेटवर्क, अमेठी
अमर उजाला नेटवर्क, अमेठी
Published by: पंकज श्रीवास्तव
Updated Fri, 04 Oct 2024 12:10 AM IST
सार
आईजी प्रवीण कुमार ने कहा कि जिस घर में वारदात हुई है,वहां किसी के फोर्सफुल इंट्री करने के निशान नही मिले हैं। बच्चों की हत्या का मतलब होता है कि वह किसी को पहचान रहे थे।
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गांव में मौजूद पुलिसकर्मी।
- फोटो : amar ujala
विस्तार
शिक्षक सुनील कुमार, पत्नी पूनम, बेटी सृष्टि व लाडो के शव गौरीगंज स्थित पोस्टमार्टम हाउस पहुंच गए। स्वास्थ्य विभाग की टीम रात में ही पोस्टमार्टम करवाने की तैयारी में है। सीएमओ डॉ. अंशुमान सिंह ने बताया कि घटना की जानकारी के बाद सीएचसी सिंहपुर पर डॉक्टरों की टीम लगाई गई थी लेकिन दुर्भाग्य रहा कि अस्पताल पहुंचने से पहले से सबकी मौत हो गई। रात में ही पोस्टमार्टम करवाने की तैयारी है। डॉक्टर व अन्य टीम मौजूद है। परिजनों के पहुंचने व पुलिस की ओर से कागजी कार्रवाई पूरी होने के बाद पोस्टमार्टम करवाया जाएगा।
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भट्ठे पर ईंटें पाथ कर पढ़ाई भी करते थे सुनील
मृतक शिक्षक के पिता रामगोपाल ने बताया कि सुनील पहले मेहनत मजदूरी करते हुए पढ़ाई भी करता था। उसने मनरेगा में भी काम किया। भट्ठे पर ईंटें भी पाथीं। ठेके पर लोगों के घर भी बनवाए। दुकान भी खोली थी। काम भी करता था और पढ़ाई भी करता था। बताया कि बेटा सुनील बहुत मेहनती था। उसे काम में कोई आलस नहीं था। वह परिवार का सबसे होनहार बेटा था। मेहनत का ही नतीजा था कि उसकी पुलिस में नौकरी लग गई थी। एक साल पुलिस की नौकरी करने के बाद उसने तैयारी कर शिक्षक भर्ती में सफलता हासिल की।
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....तो हत्यारों ने गांव तक किया पीछा
शिक्षक सुनील कुमार के पिता की माने तो कुछ दुश्मन उनको मारने का कब से इंतजार कर रहे थे। बताया कि रायबरेली में कमरा लेकर उनका बेटा रहता था, लेकिन एक दिन कुछ लोग गांव भी पहुंच कर मारने की कोशिश की थी। लेकिन बाद में उसे मामले की जानकारी हुई। जिसके बाद उसने केस दर्ज करवाया था। फिर रायबरेली में कमरा छोड़ कर स्कूल के पास शिवरतनगंज क्षेत्र में कमरा लिया था। वहीं पड़ोसी दीपक सिंह ने बताया कि मुझे जैसे ही जानकारी मिली मैं सुनील के घर पहुंचा। किसी से इनका विवाद चल रहा था। एसटी एससी का मुकदमा रायबरेली में किया था।
जल्द होगा अनावरण
आईजी प्रवीण कुमार ने कहा कि जिस घर में वारदात हुई है,वहां किसी के फोर्सफुल इंट्री करने के निशान नही मिले हैं। बच्चों की हत्या का मतलब होता है कि वह किसी को पहचान रहे थे। फोरेंसिक टीम ने घटनास्थल से साक्ष्यों को संकलित किया है। करीबियों के भी हत्या करने की संभावना से इंकार नहीं किया जा सका। चार टीमें लगाई गईं हैं। जांच टीम को कुछ अहम साक्ष्य मिले हैं। जल्द ही मामले का अनवारण किया जाएगा।