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Lucknow News: सभी वार्ड फुल, इमरजेंसी में दर्द से कराहते रहे मरीज

Wed, 04 Oct 2023 01:01 AM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ
संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ Updated Wed, 04 Oct 2023 01:01 AM IST
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All wards full, patients kept groaning in pain in emergency
रायबरेली में मंगलवार को जिला अस्पताल में बेड न मिलने पर इमरजेंसी में सीढ़ी पर लेटी बीमार नेहा स
इमरजेंसी की सीढि़यों पर दर्द से कराहती रही
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बछरावां से रेफर होकर आई 16 साल की नेहा जिला अस्पताल की इमरजेंसी में सीढि़यों पर भाई अमित की गोदी में दर्द से कराहती रही। लेकिन उसका इलाज शुरू नहीं हो सका। उसे पेट दर्द के साथ कई और समस्याएं थीं। जगतपुर की 17 साल की नंदिनी को भी इमरजेंसी में बेड न होने की बात बताकर उसे इंतजार करने के लिए कहा गया। बेबस मरीजों को करीब एक घंटे बाद बेड मिलने पर भर्ती किया गया।

सांस लेने में दिक्कत, नहीं मिली इमरजेंसी सेवा

खीरों सीएचसी से रेफर होकर जिला अस्पताल की इमरजेंसी पहुंची राखी गुप्ता को सांस लेने की समस्या थी। ऑक्सीजन की तुरंत जरूरत होने के बाद भी उसे इमरजेंसी सेवा व बेड नहीं मिल सका। काफी इंतजार करने के बाद वार्ड में भर्ती किया गया। 75 साल के राम औतार भी एक घंटे तक स्ट्रेचर पर पड़े रहे। काफी देर बाद उन्हें वार्ड में भर्ती कराया गया।
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एक-एक बेड के लिए जंग, कहासुनी

इमरजेंसी में पहुंचे मरीजों को भर्ती करने के लिए फाइलें तैयार कर ली गईं, लेकिन बेड खाली न होने की दशा में उन्हें वार्डों में नहीं भेजा गया। बेड को लेकर तीमारदारों व चिकित्सकों के बीच कहासुनी तक हुई। एक-एक बेड के लिए तीमारदारों को जंग लड़नी पड़ी। इमरजेंसी में काफी भीड़ की वजह से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। काफी समय बाद बेड की व्यवस्था होने और इलाज शुरू हो सका।
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रायबरेली। जिला अस्पताल में मंगलवार को मरीजों की भारी संख्या की वजह से सभी 301 बेड फुल हो गए। दोपहर बाद अचानक सीएचसी से रेफर होकर पहुंचे करीब 12 मरीजों को बेड के लिए इंतजार करना पड़ा। कोई मरीज इमरजेंसी की सीढि़यों पर दर्द से कराहता रहा तो कोई स्ट्रेचर व बेंच पर एक से डेंढ़ घंटे तक बेड के लिए इंतजार करता रहा।
इमरजेंसी में भीड़ अधिक होने के कारण मरीजों को प्राथमिक उपचार तक नसीब नहीं हुआ। बाद में आनन-फानन वार्डों में बेड खाली कराकर मरीजों को भर्ती करके इलाज शुरू किया गया। इमरजेंसी में रूपवती, रामऔतार, राखी, सुखरानी, नंदिनी, नेहा, सदफ आदि मरीजों व उनके तीमारदारों को परेशानी का सामना करना पड़ा, लेकिन उनकी सुनवाई नहीं हुई।


दो दिन की छुट्टी के बाद ओपीडी में लगी लंबी लाइनें

दो दिन की छुट्टी के बाद जिला अस्पताल की ओपीडी में मंगलवार सुबह से मरीजों की भीड़ लग गई। पर्चा काउंटर से लेकर दवा व पैथोलॉजी के काउंटर पर मरीजों को घंटों इंतजार करना पड़ा। बैठने की समुचित व्यवस्था न होने के कारण ओपीडी कक्षों के बाहर भी मरीजों को परेशानी का सामना करना पड़ा। दवा काउंटर पर गेट के बाहर तक मरीजों की लंबी लाइन लगी रही। करीब 2,300 मरीज ओपीडी में पहुंचे।



संक्रामक रोगों की वजह से बढ़े मरीज
संक्रामक रोग बढ़ने के कारण मरीज बढ़े हैं। बेड फुल होने की जानकारी मिलते ही तुरंत डिस्चार्ज होने वाले मरीजों को घर भेजकर बेड खाली कराए गए। ऐसे में मरीजों को भर्ती होने में कुछ इंतजार करना पड़ा। वार्डों में मरीजों को भर्ती करने के लिए पर्याप्त बेड खाली कराए गए हैं।
- डॉ. महेंद्र मौर्या, सीएमएस जिला अस्पताल
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