{"_id":"6105499cad9c5178a81c4ff6","slug":"all-small-parties-should-come-together-for-change-in-power","type":"story","status":"publish","title_hn":"सियासत: मौलाना सलमान हसनी नदवी बोले- सत्ता परिवर्तन के लिए एक मंच पर आएं सभी छोटे दल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सियासत: मौलाना सलमान हसनी नदवी बोले- सत्ता परिवर्तन के लिए एक मंच पर आएं सभी छोटे दल
Sat, 31 Jul 2021 06:31 PM IST
ishwar ashish
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
Published by: ishwar ashish
Updated Sat, 31 Jul 2021 06:31 PM IST
सार
मौलाना सलमान हसनी नदवी ने कहा कि धरती के सभी इंसान एक ही रूहानी जिस्म के अंग हैं। उन्होंने कहा कि संसार में समस्त भेदभाव और अन्याय खत्म होने चाहिए। उन्होंने कहा कि हम बड़े दलों को अपने मंच पर आने के लिए विवश करेंगे।
विज्ञापन
मौलाना सलमान हसनी नदवी
- फोटो : amar ujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
ह्यूमैनिटी वेलफेयर बोर्ड के संस्थापक मौलाना सलमान हसनी नदवी ने कहा कि मौजूदा राजनीतिक परिवेश में दलित, पिछड़े और अल्पसंख्यक समुदाय के लोग अपने अधिकारों से वंचित हैं। जनसंख्या के अनुपात में सत्ता और संपत्ति में भागीदारी की लड़ाई लड़ने के लिए सभी लोगो को एकजुट होने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि आज देश मे अघोषित आपातकाल में हम जीने को मजबूर है। ये 42 दल मिलकर सत्ता को बदलने के लिये चुनाव में उतरेंगे।
विज्ञापन
राजनीतिक दलों के 5 गठबंधनों, 42 दलों और 5 सामाजिक आंदोलनों से बने महागठबंधन की ओबीसी एससी एसटी अल्पसंख्यक विमर्श यात्रा के उद्घाटन के मौके पर दुबग्गा स्थित अपने आवास पर मौलाना सलमान हसनी नदवी ने कहा है कि मानवता से बड़ा कोई धर्म नहीं होता।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि धरती के सभी इंसान एक ही रूहानी जिस्म के अंग हैं। उन्होंने कहा कि संसार में समस्त भेदभाव और अन्याय खत्म होने चाहिए। भारतीय लोकतांत्रिक गठबंधन के संयोजक साहब सिंह धनगर ने कहा कि पिछड़े समुदायों में कई राजनीतिक दल बन गए हैं जिसके कारण वोट बिखर जाता है और जनसंख्या बड़ी होने के बाद भी शासन सत्ता में इस वर्ग की सुनवाई नहीं होती।
विज्ञापन
व्यवस्था परिवर्तन मोर्चा के संयोजक हेमंत कुशवाहा ने कहा कि आने वाला चुनाव हम सभी छोटे दल मिलकर लड़ेंगे और बड़े दलों को भी विवश करेंगे कि वह एक मंच पर आएं और दलितों-पिछड़ों तथा अल्पसंख्यकों को उनका अधिकार दिलाने के लिए संघर्ष करें। छोटे दल इकट्ठा होने के बाद समाजवादी पार्टी और बहुजन समाज पार्टी से बात करने के सवाल पर कहा कि इस विषय में फैसला महागठबंधन की संविधान सभा करेगी।
उन्होंने कहा गया कि यह 5 गठबंधनों, 42 राजनीतिक दलों और 5 सामाजिक आंदोलनों का महागठबंधन है जो लिखित संविधान पर काम कर रहा है। यह भी कहा गया कि इस महागठबंधन की अपनी संविधान सभा है जो नेतृत्व जैसे निर्णय लेने के लिए अधिकृत है। इस मौके पर महागठबंधन के सदस्य अशोक विश्वासना भरत गांधी, मुस्लिम मजलिस के राष्ट्रीय अध्यक्ष एडवोकेट वसी सिद्दीकी, दादा मियां दरगाह के मुतवल्ली फरहद मियां आदि मौजूद रहे।