खास 'पावर प्लान' से दूर होगी बिजली किल्लत
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अखिलेश ने बजट में विकास योजनाओं का ख्याल तो रखा ही साथ ही बिजली समस्या को खत्म करने का ब्यौरा भी दिया।
अखिलेश का दावा है कि 2016-17 से प्रदेश में गांवों को 18 घंटे तथा शहरों को 24 घंटे बिजली आपूर्ति होने लगेगी।
इसके लिए जरूरी ट्रांसमिशन व वितरण नेटवर्क तैयार कराया जाएगा। इस पर लगभग 22,000 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है।
सरकार ने बिजली व्यवस्था को अपनी सर्वोच्च प्राथमिकताओं में रखते हुए वर्ष 2014-15 के बजट में 29,928 करोड़ रुपये का प्रावधान किया है।
किया 9,202 करोड़ का इंतजाम
सरकार के नियंत्रण वाली बिजली वितरण कंपनियों को घाटे से उबारने के लिए केंद्र सरकार की मद्द से लागू की गई वित्तीय पुनर्गठन योजना (एफआरपी) के लिए भी बजट में 9,202 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है।
ग्रामीण क्षेत्रों में निजी नलकूपों के ऊर्जीकरण के लिए योजना तैयार की जा रही है। इसके लागू होने के बाद नलकूपों को बिजली कनेक्शन के लिए इंतजार नहीं करना पड़ेगा।
किसानों के आवेदन करने पर तत्काल कनेक्शन दिया जाएगा। बजट पेश करते हुए मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने माना कि प्रदेश में बिजली की मांग और आपूर्ति में लगभग 2000 मेगावाट का अंतर है।
उनका कहना है कि इस अंतर को समाप्त करने तथा भविष्य में बिजली की मांग में होने वाली बढ़ोतरी के मद्देनजर बिजली के इंतजाम के लिए कदम उठाए जा रहे हैं।
इस तरह दूर होगी समस्या
मुख्यमंत्री के अनुसार सार्वजनिक क्षेत्र में स्थापित की जा रही 1000 मेगावाट क्षमता की अनपरा ‘डी’ परियोजना से इसी साल बिजली मिलने लगेगी। इलाहाबाद के बारा में निजी क्षेत्र में स्थापित की जा रही 1980 मेगावाट क्षमता की परियोजना की पहली इकाई इस साल नवंबर तक शुरू हो जाएगी, जबकि शेष दो इकाइयों से अगले साल जून तक उत्पादन शुरू हो जाने की उम्मीद है।
ललितपुर में स्थापित किए जा रहे 1980 मेगावाट क्षमता के बिजलीघर की एक इकाई का काम इसी वर्ष दिसंबर तक पूरा हो जाएगा जबकि दूसरी इकाई के जून 2015 तक चलने की संभावना है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि एनटीपीसी और राज्य विद्युत उत्पादन निगम द्वारा संयुक्त क्षेत्र में स्थापित की जा रही 1320 मेगावाट क्षमता की मेजा परियोजना से 2016 में प्रदेश को 916 मेगावाट बिजली मिलने लगेगी।
उन्होंने बताया कि प्रदेश के लगभग 1.34 लाख मजरों में बिजली पहुंचाने के लिए 7,282 करोड़ रुपये की योजना मंजूर की गई है। दो साल में इन सभी मजरों का विद्युतीकरण करा दिया जाएगा।