दौड़ती पुष्पक एक्सप्रेस पर गिरी हाईटेंशन लाइन, हादसा टला
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मुंबई से आ रही पुष्पक एक्सप्रेस के मानक नगर स्टेशन पार करते ही स्टेडियम के पास मंगलवार सुबह 9:45 बजे ट्रेन पर हाईटेंशन लाइन गिर गई। कोच पर गिरते तार को देखकर यात्री थोड़ी देर के लिए सहम गए लेकिन शुक्र इस बात का रहा कि हाईटेंशन के टूटते ही करंट ट्रिप होने लगा और बड़ा हादसा टल गया।
पायलट के ट्रेन रोकने के बाद यात्रियों में हड़कंप मच गया। तार की मरम्मत होने तक ट्रेन घटना स्थल पर एक घंटे से अधिक समय तक खड़ी रही।
घटना के प्रत्यक्षदर्शी एक यात्री ने बताया कि पुष्पक एक्सप्रेस दौड़ रही थी कि अचानक पेड़ टूटकर ओवर हेड इलेक्ट्रिक (ओएचई) वायर पर गिरा तो तार टूटकर पेंट्रीकार वाले कोच पर गिर गया। ट्रेन के भीतर से जिन यात्रियों ने इस पेड़ सहित तार को कोच के ऊपर गिरते देखा वे दहशत के मारे शोर मचाने लगे। ट्रेन में करंट-करंट फैलने के शोर मचने से भगदड़ मच गई। पायलट ट्रेन को रोकता उससे पहले सामान्य कोच से कई यात्री ट्रैक पर कूद गए। कई चोटिल भी हुए।
हालांकि कोच में करंट न उतरने का एहसास होने पर यात्रियों ने राहत की सांस ली। पायलट की सूचना पर करीब 20 मिनट में मेंटेनेंस टीम पहुंची जिसने क्षतिग्रस्त ओएचई वायर को सही करने के बाद पुष्पक एक्सप्रेस को रवाना किया जो सुबह 10:50 बजे लखनऊ जंक्शन पहुंची।
ढाई घंटे ट्रैक बाधित, दर्जन भर ट्रेनें लेट
लखनऊ जंक्शन की मेन ट्रैक पर ओएचई वायर के टूटने के कारण ट्रैक को करीब ढाई घंटे तक बंद रखा गया। इस दौरान ट्रैक के दोनों तरफ ओएचई वायर के घातक साबित होने वाले पेड़ों की छंटाई एवं कटाई का कार्य हुआ।
जिसके कारण लखनऊ जंक्शन आने वाली झांसी इंटरसिटी और राप्तीसागर सहित दर्जन भर ट्रेन लेट हुईं। लखनऊ जंक्शन से कानपुर की तरफ जाने वाली ट्रेन को उत्तर रेलवे के लखनऊ की ट्रैक से रवाना किया गया जिससे यह ट्रेन भी लेट हुई।
काम आया प्रोटेक्शन सिस्टम
रेलवे हाइटेंशन लाइन के करंट से ट्रेन को दौड़ा रहा, लेकिन वायर के टूटने पर यात्री हादसे का शिकार न हो इसके लिए तीन स्टेज पर प्रोटेक्शन सिस्टम का स्थापित किया है। इलेक्ट्रिक इंजीनियर के मुताबिक, ओएचई वायर में जिस पोल के सहारे करंट दौड़ता है उसमें अर्थिंग की कारगर व्यवस्था की गई।
वायर के टूटने से हादसा टले इसके लिए दो पोल के बीच ट्रिपिंग सिस्टम और पोल एवं वायर के साथ में अर्थिंग की वायरिंग की गई। इससे जिस पोल के बीच वायर टूटेगा वहीं से अर्थ फॉल्ट के चलते करंट बंद हो जाता है। मंगलवार को पुष्पक एक्सप्रेस भी इसी प्रोटेक्शन सिस्टम के चलते हादसे से बची।