{"_id":"695de49df51a0f01b109863e","slug":"a-patch-in-your-bra-can-reveal-your-risk-of-breast-cancer-2026-01-07","type":"story","status":"publish","title_hn":"Breast Cancer: ब्रा में लगा पैच बता देगा स्तन कैंसर का खतरा, मोबाइल एप से जुड़ी होगी डिवाइस","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Breast Cancer: ब्रा में लगा पैच बता देगा स्तन कैंसर का खतरा, मोबाइल एप से जुड़ी होगी डिवाइस
Wed, 07 Jan 2026 10:14 AM IST
ishwar ashish
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
Published by: ishwar ashish
Updated Wed, 07 Jan 2026 10:14 AM IST
सार
ये खास तरह की डिवाइस शुरुआती अवस्था में ही स्तन कैंसर का पता लगा लेगी। इससे स्तन कैंसर की शुरुआती जांच के लिए महिलाओं को अस्पताल या डायग्नोटिक सेंटर नहीं जाना होगा।
विज्ञापन
स्तन कैंसर की जांच के लिए लगाया गया पैच।
- फोटो : amar ujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
स्तन कैंसर की शुरुआती पहचान के लिए महिलाओं को अब अस्पताल या डायग्नोस्टिक सेंटर नहीं जाना पड़ेगा। इसके लिए उन्हें विशेष प्रकार की डिवाइस लगी ब्रा पहननी होगी। मोबाइल एप के माध्यम से यह डिवाइस शुरुआती अवस्था में ही स्तन कैंसर का पता लगा लेगी। इस डिवाइस के लिए केजीएमयू और आईआईटी कानपुर को पेटेंट मिला है।
विज्ञापन
केजीएमयू और कानपुर भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान का संयुक्त बायोडिजाइन कार्यक्रम स्कूल ऑफ इंटरनेशनल बायोडिजाइन-सिनर्जाइजिंग हेल्थकेयर इनोवेशन एंड एंटरप्रेन्योरशिप (एसआईबी शाइन) कार्यक्रम चल रहा है। इसके कार्यकारी निदेशक डॉ. ऋषि सेठी ने बताया कि ए वियरेबल सेंसर पैच फॉर ब्रेस्ट एब्नॉर्मलटी मॉनीटरिंग शीर्षक के साथ 20 वर्ष के लिए यह पेटेंट श्रेया एम नायर, डॉ.तुषार संधान और डॉ. पूजा रमाकांत को मिला है।
विज्ञापन
ये भी पढ़ें - चुनाव आयोग ने जारी की एसआईआर के बाद कच्ची लिस्ट, हट गए 2.89 करोड़ वोटरों के नाम; इन जिलों में कटे सबसे ज्यादा वोटर
विज्ञापन
ये भी पढ़ें - प्रदेश में भीषण शीतलहर, इन 45 जिलों में दिन के पारे में होगी भारी गिरावट; कक्षा 8 तक के स्कूल हुए बंद
...इसलिए जरूरी है स्तन कैंसर का जल्द पता लगना
प्रो. ऋषि ने बताया कि स्तन कैंसर का खतरा उन महिलाओं में ज्यादा रहता है, जिनके परिवार में किसी को यह बीमारी हो चुकी हो। स्तन कैंसर का पता शुरुआती चरण में लगने पर इलाज में आसानी हो जाती है।
इस तरह काम करेगी डिवाइस
महिलाएं को अपने अंत:वस्त्र में डिवाइस वाला पैच लगाना होगा। यह डिवाइस मोबाइल एप से जुड़ी होगी। इसकी वजह से कुछ ही समय में गांठ या स्तन कैंसर से जुड़ी पूरी रिपोर्ट एप पर आ जाएगी।