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आंधी-पानी में बिजली गुल, फसल बर्बाद
Updated Thu, 12 Apr 2018 12:16 AM IST
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आंधी-पानी में बिजली गुल, गेहूं की फसल बर्बाद
रायबरेली। जिले में बुधवार को तेज आंधी के साथ झमाझम बारिश हुई। बारिश से खेतों में कटी और खड़ी गेहूं की फसल भीग गई जिससेकटाई-मड़ाई का कार्य ठप हो गया।
जलभराव के कारण फसल सड़ भी सकती है। आंधी से खेतों में लगा भूसा उड़ गया। फसल बर्बाद होने से किसानों के चेहरे मायूस हो गए।
आंधी की वजह से शहर की बिजली आपूर्ति व्यवस्था भी ध्वस्त हो गई। कहीं पर पेड़ गिरने से फॉल्ट आई तो कहीं पर तार टूट गए।
शहर की बिजली आपूर्ति तो ढाई घंटे बाद बहाल हो गई लेकिन देहात क्षेत्रों की आपूर्ति बहाल नहीं हो पाई है। डीह थाना क्षेत्र में पेड़ गिरने के कारण डीह-सुंदरगंज मार्ग पर काफी देर तक आवागमन ठप रहा।
बुधवार सुबह अचानक मौसम का मिजाज बदल गया। देखते हीे देखते बदली छा गई और तेज आंधी शुरू हो गई। धूल भरी आंधी से लोगों में अफरातफरी मच गई।
इसी दौरान झमाझम बारिश भी शुरू हो गई। शहर से लेकर देहात तक बारिश होने से कई स्थानों पर जलभराव हो गया। बारिश से जिले के तीन लाख 85 हजार किसानों के चेहरे पर मायूसी छा गई है।
रायबरेली शहर के अलावा जगतपुर, ऊंचाहार व डलमऊ समेत अन्य क्षेत्रों में भी आंधी के कारण झमाझम बारिश हुई। शहर के इंदिरा नगर, प्रगतिपुरम में ढाई घंटे तक बिजली आपूर्ति प्रभावित रही।
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ग्रामीण क्षेत्र डलमऊ ट्रांसमिशन में कठगर जाने वाली लाइन में कई जगह फॉल्ट आने से दिन भर बिजली आपूर्ति प्रभावित रही। नव निर्मित लाइन के करीब 20 पिन इंसुलेटर टेढ़े हो गए।
इसी तरह डलमऊ में कई जगह पेड़ गिरने से तार टूट गए। डीह, सलोन, महराजगंज, बछरावां, सरेनी व खीरों क्षेत्र की बिजली देर शाम तक बहाल नहीं हो सकी।
डीह प्रतिनिधि के मुताबिक डीह-सुंदरगंज मार्ग पर बैंक आफ बड़ौदा के पास आंधी व बारिश के कारण बबूल का पेड सड़क पर गिर गया जिससे आवागमन ठप हो गया।
सूचना पर पहुंचे डिप्टी रेंजर नागेंद्र कुमार पटेल व वनरक्षक प्रदीप सिह ने लोगों की मदद से पेड़ को कटवा कर हटवाया जिसके एक घंटे बाद आवागमन शुरू हो सका।
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रायबरेली। जिले में बुधवार को तेज आंधी के साथ झमाझम बारिश हुई। बारिश से खेतों में कटी और खड़ी गेहूं की फसल भीग गई जिससेकटाई-मड़ाई का कार्य ठप हो गया।
जलभराव के कारण फसल सड़ भी सकती है। आंधी से खेतों में लगा भूसा उड़ गया। फसल बर्बाद होने से किसानों के चेहरे मायूस हो गए।
आंधी की वजह से शहर की बिजली आपूर्ति व्यवस्था भी ध्वस्त हो गई। कहीं पर पेड़ गिरने से फॉल्ट आई तो कहीं पर तार टूट गए।
शहर की बिजली आपूर्ति तो ढाई घंटे बाद बहाल हो गई लेकिन देहात क्षेत्रों की आपूर्ति बहाल नहीं हो पाई है। डीह थाना क्षेत्र में पेड़ गिरने के कारण डीह-सुंदरगंज मार्ग पर काफी देर तक आवागमन ठप रहा।
बुधवार सुबह अचानक मौसम का मिजाज बदल गया। देखते हीे देखते बदली छा गई और तेज आंधी शुरू हो गई। धूल भरी आंधी से लोगों में अफरातफरी मच गई।
इसी दौरान झमाझम बारिश भी शुरू हो गई। शहर से लेकर देहात तक बारिश होने से कई स्थानों पर जलभराव हो गया। बारिश से जिले के तीन लाख 85 हजार किसानों के चेहरे पर मायूसी छा गई है।
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रायबरेली शहर के अलावा जगतपुर, ऊंचाहार व डलमऊ समेत अन्य क्षेत्रों में भी आंधी के कारण झमाझम बारिश हुई। शहर के इंदिरा नगर, प्रगतिपुरम में ढाई घंटे तक बिजली आपूर्ति प्रभावित रही।
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ग्रामीण क्षेत्र डलमऊ ट्रांसमिशन में कठगर जाने वाली लाइन में कई जगह फॉल्ट आने से दिन भर बिजली आपूर्ति प्रभावित रही। नव निर्मित लाइन के करीब 20 पिन इंसुलेटर टेढ़े हो गए।
इसी तरह डलमऊ में कई जगह पेड़ गिरने से तार टूट गए। डीह, सलोन, महराजगंज, बछरावां, सरेनी व खीरों क्षेत्र की बिजली देर शाम तक बहाल नहीं हो सकी।
डीह प्रतिनिधि के मुताबिक डीह-सुंदरगंज मार्ग पर बैंक आफ बड़ौदा के पास आंधी व बारिश के कारण बबूल का पेड सड़क पर गिर गया जिससे आवागमन ठप हो गया।
सूचना पर पहुंचे डिप्टी रेंजर नागेंद्र कुमार पटेल व वनरक्षक प्रदीप सिह ने लोगों की मदद से पेड़ को कटवा कर हटवाया जिसके एक घंटे बाद आवागमन शुरू हो सका।