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आठ घंटे एक लाख लोगों ने झेला बिजली संकट
Updated Tue, 05 Jun 2018 12:33 AM IST
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खीरों (रायबरेली)। ब्लॉक क्षेत्र के करीब एक लाख लोग बिजली की समस्या से सोमवार को दिन भर जूझते रहे। सुबह हुई कटौती से लोगों को जहां गर्मी से जूझना पड़ा, वहीं पेयजल की किल्लत से लोग दो चार हुए। आए दिन हो रही दिक्कत से लोगों में नाराजगी है। बिजली नहीं आने से पानी की टंकियों में पानी नहीं भर पाया, इससे लोग पानी की समस्या से जूझते रहे। शाम को चार बजे बिजली आपूर्ति शुरू हो सकी तो लोगों ने राहत की सांस ली। लोगों का कहना है कि कभी फॉल्ट तो कभी सुधार के नाम पर बिजली गुल रहती है।
खीरों ब्लॉक क्षेत्र में दो विद्युत उपकेंद्र हैं। पहला खीरों और दूसरे सेमरी में है। दोनों उपकेंद्र को बिजली ट्रांसमिशन त्रिपुला से मिलती है। खीरों से त्रिपुला की लाइन की लंबाई करीब 65 किलोमीटर है। 33 केवी की लंबी लाइन होने के कारण आए दिन कहीं न कहीं फॉल्ट बना रहता है। सोमवार को भी लाइन में कुछ खराबी आने से सुबह आठ बजे बिजली गुल हो गई। बिजली कटौती से गर्मी में लोग परेशान होकर पेड़ों की छाया में दोपहर गुजारने पर मजबूर रहे। वहीं क्षेत्र में करीब छह पानी की टंकियों से पानी की आपूर्ति नहीं हो सकी। इससे लोगों को पेयजल की किल्लत से जूझना पड़ रहा है।
बिजली नहीं आने से अधिकांश टावरों के नेटवर्क गायब रहे। इससे ब्लॉक, बैंक, थाना, जनसेवा केंद्रों में कामकाज प्रभावित रहा। उपभोक्ता शिव प्रकाश, मुन्नीलाल, रामबहादुर गुप्ता, ओम प्रकाश शुक्ला ने बताया कि आए दिन कहीं न कहीं फॉल्ट आता रहता है। इससे लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। अवर अभियंता रामनाथ ने बताया कि खीरों विद्युत उपकेंद्र के यार्ड के अंदर नए ब्रेकर लगाने, पुराने इंसुलेटर बदलने, टीपीएमओ के साथ ही केबिल जोड़ने का कार्य कराया जा रहा था। सुबह आठ से 4.30 बजे तक बिजली आपूर्ति बंद रही।
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खीरों ब्लॉक क्षेत्र में दो विद्युत उपकेंद्र हैं। पहला खीरों और दूसरे सेमरी में है। दोनों उपकेंद्र को बिजली ट्रांसमिशन त्रिपुला से मिलती है। खीरों से त्रिपुला की लाइन की लंबाई करीब 65 किलोमीटर है। 33 केवी की लंबी लाइन होने के कारण आए दिन कहीं न कहीं फॉल्ट बना रहता है। सोमवार को भी लाइन में कुछ खराबी आने से सुबह आठ बजे बिजली गुल हो गई। बिजली कटौती से गर्मी में लोग परेशान होकर पेड़ों की छाया में दोपहर गुजारने पर मजबूर रहे। वहीं क्षेत्र में करीब छह पानी की टंकियों से पानी की आपूर्ति नहीं हो सकी। इससे लोगों को पेयजल की किल्लत से जूझना पड़ रहा है।
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बिजली नहीं आने से अधिकांश टावरों के नेटवर्क गायब रहे। इससे ब्लॉक, बैंक, थाना, जनसेवा केंद्रों में कामकाज प्रभावित रहा। उपभोक्ता शिव प्रकाश, मुन्नीलाल, रामबहादुर गुप्ता, ओम प्रकाश शुक्ला ने बताया कि आए दिन कहीं न कहीं फॉल्ट आता रहता है। इससे लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। अवर अभियंता रामनाथ ने बताया कि खीरों विद्युत उपकेंद्र के यार्ड के अंदर नए ब्रेकर लगाने, पुराने इंसुलेटर बदलने, टीपीएमओ के साथ ही केबिल जोड़ने का कार्य कराया जा रहा था। सुबह आठ से 4.30 बजे तक बिजली आपूर्ति बंद रही।
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