फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Jammu and Kashmir ›   Jammu News ›   Working women will also be able to study in Jammu University classes will be held on Saturday and Sunday

J&K: जम्मू विश्वविद्यालय में कामकाजी महिलाएं भी कर सकेंगी पढ़ाई, शनिवार-रविवार को लगेंगी कक्षाएं

Fri, 16 Dec 2022 04:28 PM IST
gulshan गुलशन kumar गुलशन कुमार
Updated Fri, 16 Dec 2022 04:28 PM IST
सार

जम्मू विश्वविद्यालय में अगले सत्र से लोक प्रशासन विभाग शुरू किया जाएगा। नया विभाग खोलने का यह प्रस्ताव अकादमिक काउंसिल में कुलाधिपति मनोज सिन्हा के पास रखा जाएगा।

विज्ञापन
Working women will also be able to study in Jammu University classes will be held on Saturday and Sunday
Jammu University - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

जम्मू विश्वविद्यालय में कामकाजी महिलाएं भी पढ़ाई कर सकेंगी। शनिवार और रविवार को कक्षाएं लगेंगी। इसके लिए नॉन कॉलेजिएट वूमेन बोर्ड का गठन किया गया है। यह बात जम्मू विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर उमेश राय ने कही। वह विश्वविद्यालय के ब्रिगेडियर राजेंद्र सिंह सभागार में वेराना एव्वेली वाद-विवाद प्रतियोगिता के मौके पर छात्रों को संबोधित कर रहे थे।

विज्ञापन


उन्होंने कहा कि जम्मू विश्वविद्यालय में अगले सत्र से लोक प्रशासन (पब्लिक एडमिनिस्ट्रेशन) विभाग शुरू किया जाएगा। नया विभाग खोलने का यह प्रस्ताव अकादमिक काउंसिल में कुलाधिपति मनोज सिन्हा के पास रखा जाएगा। उन्होंने कहा कि कई व्यवस्थाओं में बदलाव किया जा रहा है। 
विज्ञापन


शिक्षा सिर्फ विश्वविद्यालय तक ही सीमित न रहे। इसका लाभ आम नागरिकों को भी मिलना चाहिए। इसी को ध्यान में रखते हुए नॉन कॉलेजिएट वूमेन बोर्ड का गठन किया गया है। विभिन्न क्षेत्रों में काम करने वाली महिलाएं भी शिक्षा का लाभ ले सकेंगी। चाहे वह गृहणियां हों या किसी तरह का व्यवसाय करती हों। उन्होंने कहा कि रविवार और शनिवार को दो दिन महिलाएं विश्वविद्यालय में आकर पढ़ाई कर सकेंगी। इसके अलावा वीसी ने कहा कि बीटेक प्रोग्राम और कारटोग्राफी आदि कोर्स भी शुरू करने का विचार किया जा रहा है। 
विज्ञापन
विज्ञापन


उन्होंने कहा कि शिक्षा की गुणवत्ता को बढ़ाने और छात्रों के सर्वांगीण विकास के लिए विभिन्न क्षेत्रों से विशेषज्ञों को विजिटिंग प्रोफेसर के तौर पर नियुक्त किया जाएगा। जो छात्रों को विस्तार से जानकारी देंगे। वीसी ने उद्धहारण देकर स्पष्ट किया कि छात्र मछली पालन के बारे में सिद्धांतिक ज्ञान प्राप्त करते हैं, लेकिन प्रैक्टिकल तरीके से उन्हें पता नहीं होता कि मछली पालन कैसे किया जाता है। 

यह क्या होता है और इससे रोजगार कैसे कमाया जा सकता है। मछली पालन के क्षेत्र में बेहतर ज्ञान रखने वाला विशेषज्ञ छात्रों को संबंधित विषय के बारे में समझाएगा। दूसरे उदाहरण में वीसी ने कहा कि किसान भी प्रोफेसर हो सकते हैं। इसके लिए डिग्री की बाध्यता को समाप्त किया जाएगा।


वीसी प्रोफेसर उमेश राय ने कहा कि सांस्कृतिक, खेल, एनसीसी और एनएस गतिविधियां भी पाठ्यक्रम का हिस्सा हैं। इन गतिविधियों में भाग लेने वाले छात्रों को अगले सत्र से लाभ दिया जाएगा। प्रतिभागियों को जो मेरिट सर्टिफिकेट दिए जाते हैं। उनके अंक दाखिले के दौरान मेरिट में जोड़े जाएंगे।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed