फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Jammu and Kashmir ›   Uproar in assembly on the BPL list

बजट सत्र: बीपीएल सूची पर विधानसभा में हंगामा

Sat, 04 Jun 2016 09:32 PM IST
ब्यूरो, अमर उजाला/श्रीनगर
ब्यूरो, अमर उजाला/श्रीनगर Updated Sat, 04 Jun 2016 09:32 PM IST
विज्ञापन
Uproar in assembly on the BPL list
व‌िधानसभा में हंगामा - फोटो : Amar Ujala
राज्य विधानसभा में बीपीएल राशन कार्ड को लेकर शनिवार को हंगामा हुआ। इस मुद्दे पर सत्ता पक्ष तथा विपक्ष दोनों सरकार के खिलाफ साथ खड़े नजर आए। सदस्यों के विरोध के बाद सीएपीडी मंत्री की ओर से ग्रामीण विकास मंत्री अब्दुल हक खान ने कहा कि सभी जिलों के डीसी को बीपीएल राशन कार्ड की गड़बड़ियों को दूर करने के आदेश दे दिए गए हैं। पूरे मामले की जांच करने को कहा गया है।
विज्ञापन


सरकार के जवाब से असंतुष्ट नेकां और कांग्रेस के सदस्यों ने सदन का बहिष्कार किया। विधानसभा में यह मुद्दा बिश्नाह के नेकां विधायक कमल वर्मा ने उठाया।
विज्ञापन


उन्होंने कहा कि बीपीएल राशन कार्ड के नाम पर उपभोक्ताओं के साथ काफी अत्याचार हो रहा है। कई ऐसे लोगों के नाम बीपीएल सूची में शामिल कर लिए गए हैं जो इस मानक को पूरा नहीं करते हैं, जबकि इस सूची से कई ऐसे लोगों के नाम काट दिए गए हैं जो वास्तव में बीपीएल का मानक पूरा करते हैं और जिनके नाम पहले भी इस सूची में थे।
विज्ञापन
विज्ञापन

कांग्रेस तथा नेकां सदस्यों ने वाकआउट किया

Uproar in assembly on the BPL list
जम्मू-कश्मीर व‌िधानसभा - फोटो : Amar Ujala
​इस पर ग्रामीण विकास मंत्री ने बीपीएल का मानक सदन के सामने रखा लेकिन सदस्यों ने इस पर आपत्ति जताई। पीडीपी विधायक यावर मीर ने कहा कि मंत्री की ओर से बताया गया मानक उचित नहीं है।

सरकार कहती है कि बीपीएल सूची से वैसे लोगों को हटा दिया गया है जिनके पास 80 कनाल जमीन है, लेकिन 75 कनाल वाले को शामिल कर लिया गया है। यह कहां का न्याय है। भाजपा विधायक आरएस पठानिया ने आपत्ति जताते हुए कहा कि बीपीएल सूची के विषय में लोगों को जानकारी तक नहीं हो पाती है।

हर पंचायत को चाहिए कि वह बीपीएल की लिस्ट प्रकाशित करे। विधायक मोहम्मद हकीम यासीन ने कहा कि बीपीएल सूची बनाने में संबंधित डीसी की मनमानी चलती है। जिसे वह चाहता है उसका नाम शामिल कर लिया जाता है और जिसे हटाना चाहता है उसका नाम काट देता है।

सदस्यों की आपत्ति के बाद ग्रामीण विकास मंत्री ने कहा कि हर पंचायत तथा सार्वजनिक वितरण दुकानों पर बीपीएल सूची चस्पा किया जाए। इसके बाद भी कोई समस्या हो तो संबंधित डीसी तथा तहसीलदार से इसकी शिकायत की जा सकती है।

उन्होंने पूरे मामले की जांच का सभी डीसी को आदेश दिया। मंत्री के जवाब से संतुष्ट न होने के बाद कांग्रेस तथा नेकां सदस्यों ने वाकआउट किया। इनमें कांग्रेस के जीएम सरूरी, उस्मान मजीद, नेकां के मोहम्मद अकबर लोन, मियां अल्ताफ सहित अन्य सदस्य शामिल थे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed