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J&K:आतंकी के पिता ने बेटे का शव लेने से किया इंकार, ये रही वजह
न्यूज डेस्क,अमर उजाला,जम्मू
Updated Sun, 18 Mar 2018 12:42 PM IST
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hakura encounter
- फोटो : BASIT ZARGAR
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जम्मू कश्मीर पुलवामा जिले के हकूरा में सुरक्षाबलों के साथ मुठभेड़ में मारे गए हैदराबाद के आतंकी मोहम्मद तौफीक के परिजनों की ओर से उसके शव को लेने के लिए कोई दावा नहीं किया गया है।
राज्य पुलिस महानिदेशक एसपी वैद ने भी अमर उजाला को बताया कि जब आतंकी तौफीक के हैदराबाद से होने का पता चला तो हमने तेलगांना पुलिस से संपर्क किया उन्होंने उसके वहां से होने की बात की पुष्टि की लेकिन उसके शव को लेने को लेकर कोई कवायद शुरू नहीं गई।
वहीं सूत्रों के मुताबिक आतंकी तौफीक की परिजनों ने उसके देश विरोधी गतिविधियों में शामिल होने के कारण उसके शव पर दावा करने से इंकार कर दिया। जिस वजह से तेलगांना पुलिस की ओर से भी इस मामले में कोई कवायद नहीं की गई।
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गौरतलब है कि पिछले एक साल से गुमशुद होने के बावजूद उसके परिजनों की तरफ से पुलिस में एक भी रिपोर्ट तक नहीं दर्ज कराई गई थी। बताते हैं कि 2012 में तौफिक पूरे परिवार के साथ छुट्टी मनाने कश्मीर गया था और वहां से लौटने के बाद वह आतंक के रास्ते पर चल पड़ा। पिता ने कई बार उसे डांटा लेकिन वह नहीं माना।
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राज्य पुलिस महानिदेशक एसपी वैद ने भी अमर उजाला को बताया कि जब आतंकी तौफीक के हैदराबाद से होने का पता चला तो हमने तेलगांना पुलिस से संपर्क किया उन्होंने उसके वहां से होने की बात की पुष्टि की लेकिन उसके शव को लेने को लेकर कोई कवायद शुरू नहीं गई।
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वहीं सूत्रों के मुताबिक आतंकी तौफीक की परिजनों ने उसके देश विरोधी गतिविधियों में शामिल होने के कारण उसके शव पर दावा करने से इंकार कर दिया। जिस वजह से तेलगांना पुलिस की ओर से भी इस मामले में कोई कवायद नहीं की गई।
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गौरतलब है कि पिछले एक साल से गुमशुद होने के बावजूद उसके परिजनों की तरफ से पुलिस में एक भी रिपोर्ट तक नहीं दर्ज कराई गई थी। बताते हैं कि 2012 में तौफिक पूरे परिवार के साथ छुट्टी मनाने कश्मीर गया था और वहां से लौटने के बाद वह आतंक के रास्ते पर चल पड़ा। पिता ने कई बार उसे डांटा लेकिन वह नहीं माना।