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Jammu News: बिजली भुगतान करने वाले सरकारी आदेश पर भड़के कश्मीरी पंडित
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10 दिन में आदेश वापस नहीं लिया तो लाल चौक के लिए करेंगे कूच
अमर उजाला ब्यूरो
जम्मू। विस्थापित कॉलोनी में रहने वाले कश्मीरी पंडित समुदाय को अब निशुल्क बिजली नहीं मिलेगी। अन्य लोगों की तरह उन्हें भी बिजली के लिए भुगतान करना होगा। इसको लेकर सरकार ने आदेश भी जारी किया है। सरकार के इस आदेश के खिलाफ कश्मीरी पंडित संगठन अब लामबंद होने लगे हैं। रविवार को जगती नगरोटा में प्रदर्शन कर सरकार को 10 दिन में इस आदेश को वापस लेने को कहा ऐसा नहीं करने पर लोगों ने लाल चौक के लिए कूच करने की बात कही।
रविवार को ऑल पार्टी कमेटी माइग्रेंट कैंप के बैनर तले लोगों ने प्रदर्शन किया। इस दौरान जगती लेन नंबर से रैली निकाली गई। इसमें टीआरटी नगरोटा, मुट्ठी, भुटानगर और पुरखो से आए कश्मीरी पंडित ने भाग लिया। रैली में महिलाओं की भागीदारी भी काफी है। इस दौरान लोगों ने कहा कि विस्थापन के 32 साल बाद सरकार ने तानाशाही आदेश जारी किया है, जिसका हम विरोध कर रहे हैं। प्रदर्शनकारी ने कहा कि सरकार या तो अपने आदेश को वापस ले या फिर जल्द से जल्द कश्मीरी पंडितों की घाटी में वापसी को पुख्ता करे। इस दौरान लोग राष्ट्रीय राजमार्ग तक पहुंचे और सरकार से उनकी मांग को पूरा करने को कहा। ब्यूरो
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अमर उजाला ब्यूरो
जम्मू। विस्थापित कॉलोनी में रहने वाले कश्मीरी पंडित समुदाय को अब निशुल्क बिजली नहीं मिलेगी। अन्य लोगों की तरह उन्हें भी बिजली के लिए भुगतान करना होगा। इसको लेकर सरकार ने आदेश भी जारी किया है। सरकार के इस आदेश के खिलाफ कश्मीरी पंडित संगठन अब लामबंद होने लगे हैं। रविवार को जगती नगरोटा में प्रदर्शन कर सरकार को 10 दिन में इस आदेश को वापस लेने को कहा ऐसा नहीं करने पर लोगों ने लाल चौक के लिए कूच करने की बात कही।
रविवार को ऑल पार्टी कमेटी माइग्रेंट कैंप के बैनर तले लोगों ने प्रदर्शन किया। इस दौरान जगती लेन नंबर से रैली निकाली गई। इसमें टीआरटी नगरोटा, मुट्ठी, भुटानगर और पुरखो से आए कश्मीरी पंडित ने भाग लिया। रैली में महिलाओं की भागीदारी भी काफी है। इस दौरान लोगों ने कहा कि विस्थापन के 32 साल बाद सरकार ने तानाशाही आदेश जारी किया है, जिसका हम विरोध कर रहे हैं। प्रदर्शनकारी ने कहा कि सरकार या तो अपने आदेश को वापस ले या फिर जल्द से जल्द कश्मीरी पंडितों की घाटी में वापसी को पुख्ता करे। इस दौरान लोग राष्ट्रीय राजमार्ग तक पहुंचे और सरकार से उनकी मांग को पूरा करने को कहा। ब्यूरो
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