नोटबंदी के खिलाफ जम्मू में कांग्रेस की आक्रोश रैली, कई गिरफ्तार
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विपक्षी दलों के राष्ट्रव्यापी चक्का जाम का जम्मू में कहीं कोई असर नहीं दिखा। जिंदगी रूटीन की तरह चलती रही। यात्री वाहन भी चले और दुकानें भी खुलीं। कांग्रेस नेताओं ने जरूर आक्रोश रैली निकाल अपनी उपस्थिति दर्ज करवाई।
प्रदेशाध्यक्ष गुलाम अहमद मीर की अगुवाई में सतवारी चौक में कांग्रेस की आक्रोश रैली में प्रमुख नेता व कार्यकर्ता शामिल हुए। आधा घंटा मुख्य सतवारी चौक पर यातायात जाम करने के बाद भी जब कांग्रेसी नहीं माने तो पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार किया।
मीर के अलावा विधायक दल के नेता गुलाम अहमद मीर, उप नेता एजाज अहमद खान, विधायक हाजी अब्दुल रशीद, पूर्व मंत्री रमण भल्ला, पूर्व मंत्री जीएम सरुरी, महिला कांग्रेस अध्यक्ष इंदु पवार, महासचिव नम्रता शर्मा, मनमोहन सिंह, विक्रम मल्होत्रा, पूर्व मंत्री योगेश साहनी, सचिव नीरज गुप्ता और अन्य नेताओं की मौजूदगी में कांग्रेस कार्यकर्ता सतवारी चौक पर सुबह दस बजे एकत्रित होकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ नारेबाजी करने लगे।
कांग्रेसजनों ने पीएम पर साधा निशाना
देखते ही देखते कांग्रेसी बीच सड़क पर आ गए और व्यस्त सतवारी चौक के चारों तरफ यातायात प्रभावित होकर रह गया। इस अवसर पर प्रदेशाध्यक्ष मीर ने कहा कि नोटबंदी को बिना तैयारी के लागू करने से आम आदमी, मजदूर और किसान परेशान हैं। दिहाड़ीदार आदमी बैंक में लाइन में लगे या फिर दिहाड़ी लगाकर परिवार को पाले।
उन्होंने कहा कि विदेशों से काला धन वापस नहीं आया। उल्टा देश से सफेद धन लेकर लोग विदेश चले गए। विधायक दल के नेता रिगझिन जोरा ने कहा कि मोदी सरकार पूंजीपतियों की सरकार है। इससे आम आदमी की कोई चिंता नहीं है। एजाज अहमद खान और रमण भल्ला ने भी नोटबंदी के खिलाफ जमकर मोदी सरकार पर भड़ास निकाली।
आधे घंटे के जाम के बाद पुलिस अधिकारियों ने मौके पर पहुंच कांग्रेसी नेताओं को सड़क को खाली करने को कहा, लेकिन उल्टा कांग्रेसियों ने जब ऐसा नहीं किया तो पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया। पुलिस बसों में इन्हें डीपीएल लाया गया। यहां से दोपहर को इन सबको रिहा कर दिया गया।
'तानाशाह की तरह काम कर रहे पीएम'
प्रदर्शनकारियों ने इस अवसर पर कहा कि नोटबंदी को आधी-अधूरी तैयारी के साथ लागू करने से गरीब आदमी परेशान है, लेकिन मोदी सरकार को इसकी कोई चिंता नहीं है।