फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Jammu and Kashmir ›   Jammu News ›   Lok Sabha Chunav 2019: last phase election in Jammu and Kashmir reached site of terror and peace

लोकसभा चुनाव 2019: जम्मू-कश्मीर में आखिरी चरण आतंक और शांति के स्थल पहुंचा

Mon, 06 May 2019 04:01 AM IST
देव कश्यप बृजेश कुमार सिंह, अमर उजाला, जम्मू
बृजेश कुमार सिंह, अमर उजाला, जम्मू Published by: देव कश्यप Updated Mon, 06 May 2019 04:01 AM IST
विज्ञापन
Lok Sabha Chunav 2019: last phase election in Jammu and Kashmir reached site of terror and peace
महबूबा मुफ्ती (पीडीपी, अनंतनाग), जायमांग शेरिंग नामग्याल (भाजपा, लद्दाख) और शम्स ख्वाजा - फोटो : अमर उजाला

जम्मू-कश्मीर में मतदान का आखिरी चरण आतंक और शांति के स्थलों पर पहुंचा है। अनंतनाग के लिए दो जिलों शोपियां व पुलवामा में मतदान होना है, जो आतंकवाद प्रभावित हैं। यहां दो बार सांसद रहीं पीडीपी प्रमुख महबूबा मुफ्ती की प्रतिष्ठा दांव पर है। लद्दाख सीट शांति का प्रतीक रही है। पिछले चुनाव में भाजपा को यहां जीत मिली थी।

विज्ञापन


अनंतनाग में अधिकतर पार्टियां अनुच्छेद 370 व 35 ए हटाने के खिलाफ हैं। यहां कांग्रेस से जीए मीर, नेकां से हसनैन मसूदी व भाजपा से सोफी युसूफ भी मैदान में हैं। अलगाववादियों ने वोट डालने वालों को जान से मारने की धमकी के पोस्टर  चिपकाए थे। पहले चरण में यहां 13.63% मतदान हुआ। दूसरे चरण में कुलगाम में 10.32% वोट पड़े,  यहां 2014 में 36.3% वोट पड़े थे।
विज्ञापन


लद्दाख में लोकतंत्र का जश्न: लद्दाख देश का सबसे बड़ा संसदीय क्षेत्र है। 2014 में यहां 71.40 प्रतिशत मत पड़े थे। इस बार मुकाबला भाजपा के जामयांग शेरिंग नामग्याल व कांग्रेस के रिगजिन स्पालबार में है। भाजपा ने 2014 का चुनाव मात्र 36 मतों के अंतर से जीता था। 
विज्ञापन
विज्ञापन


अनंतनाग में गौतमबुद्ध नगर के शम्स भी चुनाव मैदान में
अनंतनाग से नॉन स्टेट सब्जेक्ट (गैर प्रदेश नागरिक) शम्स ख्वाजा भी मैदान में हैं। वे यूपी के गौतमबुद्ध नगर के रहने वाले और पेशे से वकील हैं। शम्स के अनुसार वे अनुच्छेद 370 से जुड़ी भ्रांति दूर करने के लिए चुनाव लड़ रहे हैं। प्रदेश के संविधान के अनुसार कोई नॉन स्टेट सब्जेक्ट विधानसभा का चुनाव नहीं लड़ सकता, लेकिन लोकसभा चुनाव में यह बाध्यता नहीं है। भारतीय संविधान के अनुसार भारतीय नागरिक जिसका नाम मतदाता सूची में हो, किसी भी सीट से चुनाव लड़ सकता है। हालांकि नेकां ने आपत्ति की है कि कश्मीरी नहीं होने की वजह से शम्स यहां से चुनाव नहीं लड़ सकते। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed