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नौ छात्राओं सहित पाकिस्तान से लौटे 14 कश्मीरी पहुंचे घर, 19 मार्च को लाहौर से आए थे पंजाब
Fri, 17 Apr 2020 10:58 AM IST
प्रशांत कुमार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू
Published by: प्रशांत कुमार
Updated Fri, 17 Apr 2020 10:58 AM IST
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होम क्वारंटीन की मुहर लगाते स्वास्थ्य कर्मी
- फोटो : अमर उजाला
पाकिस्तान में विभिन्न प्रोफेशनल कोर्स के तहत ट्रेनिंग कर रहीं नौ कश्मीरी छात्राओं सहित कुल 14 लोगों को पंजाब में क्वारंटीन अवधि पूरी करने के बाद जम्मू-कश्मीर आने की अनुमति मिल गई। गुरुवार दोपहर करीब 12 बजे पंजाब पुलिस ने उन्हें जम्मू-कश्मीर प्रशासन के हवाले किया। लखनपुर में प्रवेश के बाद इनकी स्वास्थ्य जांच की गई, फिर होम क्वारंटीन की स्टांप लगाकर सभी को उनके घर के लिए रवाना कर दिया गया।
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19 मार्च को यह दल पाकिस्तान से अमृतसर लौटा था। वाघा बॉर्डर पहुंचने के बाद अमृतसर में ही इन्हें क्वारंटीन किया गया था, जिसकी अवधि चार अप्रैल को समाप्त हो गई थी, लेकिन जम्मू-कश्मीर प्रदेश प्रशासन की ओर से प्रदेश में किसी भी व्यक्ति के प्रवेश की अनुमति न दिए जाने से ये लोग पंजाब में ही रुके थे।
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घर लौटे लोगों ने बताया कि 19 मार्च सुबह सवा दस बजे वाघा बॉर्डर से होते हुए पंजाब पहुंचे थे। इससे पहले आए लोगों को जहां आगे जाने की अनुमति दे दी गई थी, वहीं पंजाब सरकार ने उन्हें 19 मार्च को अमृतसर में क्वारंटीन कर दिया।
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24 मार्च को लॉकडाउन के बाद जम्मू-कश्मीर का बॉर्डर भी सील कर दिया गया। इन लोगों ने बताया कि उनकी क्वारंटीन अवधि चार अप्रैल को पूरी हो गई थी। गुरुवार सुबह आखिरकार उन्हें अनुमति मिल गई। पंजाब पुलिस उन्हें रावी पुल तक लेकर आई और जम्मू-कश्मीर प्रशासन के हवाले कर दिया। मुश्ताक अहमद ने बताया कि वह श्रीनगर के निवासी हैं और 18 मार्च को लाहौर से आए थे। 19 मार्च रात एक बजे उन्हें बीएसएफ ने बॉर्डर पर ही रोक लिया था।