आतंकी हमला: बेटे से मिलने की हसरत भी न हुई पूरी
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कुद में हुए आतंकी हमले में जिस महिला ममता देवी की मौत हुई, उसकी अपने इकलौते बेटे से मिलने की हसरत भी पूरी न हो सकी। महिला का बेटा शिमला के एक संस्थान में पढ़ता है। कई महीनों के बाद वह घर आ रहा था।
महिला कश्मीर में घूमने के लिए गई थी, लेकिन बेटे के घर आने के चलते वह सिर्फ क्षीर भवानी के दर्शन करने के बाद ही घर लौट रही थी। तभी कुद के पास आतंकी हमला हो गया। मंगलवार को दोपहर बाद महिला का शव उसके पैतृक गांव चट्ठा पहुंचा।
ममता ने एमए बीएड की थी और एक निजी स्कूल में पढ़ाती थीं। उनके परिवार में तीन बेटियां और एक बेटा है। दो बेटियों की शादी हो चुकी है, जबकि एक बेटी और बेटा अभी कुंवारे हैं।
बेटी के साथ गई थी कश्मीर
ममता देवी की छोटी बेटी नेहा नेगी गो एयर इंडिया में काम करती है। कुछ दिन पहले वह अपनी मां को लेकर कश्मीर में हवाई सेवा से श्रीनगर पहुंची थी। सोमवार को नेहा गोवा में अपनी ट्रिप के चलते चली गई।
ममता देवी को पता चला कि उनका बेटा कुबेर नेगी घर आ रहा है तो वह भी वहां से लौट आई। दरअसल, ममता की एक बेटी और दामाद श्रीनगर में ही रहते हैं। उनका दामाद एसआरटीसी में नौकरी करता है। ममता को अभी श्रीनगर रुकना था, लेकिन बेटे के आने के चलते वह लौट रही थी।
मेहनती महिला थी ममता
आस-पड़ोस के लोगों का कहना है कि ममता का परिवार काफी मेहनती है। वह खुद भी बहुत मेहनती थीं। वह स्कूल में शिक्षक होने के साथ बीमा निगम की सलाहकार भी थीं।