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आज ज्येष्ठ अष्टमी पर क्षीर भवानी मंदिर में लगेगा मेला, जम्मू से रवाना हुए हजारों कश्मीरी पंडित
Mon, 10 Jun 2019 02:36 AM IST
Pranjal Dixit
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू
Published by: Pranjal Dixit
Updated Mon, 10 Jun 2019 02:36 AM IST
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क्षीर भवानी मंदिर में लगेगा मेला
- फोटो : अमर उजाला
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प्रसिद्ध क्षीर भवानी मेले में शामिल होने के लिए रविवार को सौ से अधिक बसों में जम्मू और नगरोटा जगती टाउनशिप से हजारों की संख्या में कश्मीरी पंडित समुदाय के लोग श्रीनगर के लिए रवाना हुए। उत्तरी कश्मीर के गंदरबल जिले के तुलमुला गांव में आज माता क्षीर भवानी मंदिर में आस्था का सैलाब उमड़ेगा। माता के मंदिर में हर वर्ष ज्येष्ठ अष्टमी के दिन मेला लगता है। इसमें शामिल होने के लिए देश और दुनिया में बसे हजारों कश्मीरी पंडित हर साल आते हैं। रविवार को जम्मू से डिवकाम ने कश्मीर पंडितों की बसों को हरी झंडी दिखाई।
कश्मीरी पंडित समुदाय के लोगों में क्षीर भवानी माता के प्रति विशेष आस्था है। इसको देखते हुए राहत आयुक्त टीके भट्ट ने यात्रियों की सुविधा के लिए पर्याप्त इंतजाम किए हैं। राज्य प्रशासन ने कश्मीर पंडितों के लिए बसों का इंतजाम किया है। टीके भट्ट ने कहा कि श्रद्धालुओं के लिए बेहतर यातायात, सुरक्षा और अन्य सुविधा का जायजा लेने के लिए व्यक्तिगत दौरा किया है।
इस दौरान एपीएमसीसी के चेयरमैन विनोद पंडित ने कहा कि क्षीर भवानी मंदिर के प्रति कश्मीरी पंडितों की विशेष आस्था है और इस बार 60 से 70 हजार लोग मेले में शामिल हो रहे हैं। उन्होंने कश्मीर में आतंकी साया होने के बाद कश्मीरी पंडित अपनी संस्कृति और रीति रिवजा से जुड़ने के लिए हर वर्ष बिना किसी डर के आते है।
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माता के प्रति लोगों की आस्था के कारण आज क्षीर भवानी मेला में न सिर्फ कश्मीरी पंडित बल्कि राज्य के अन्य लोग में भी भाग लेते है। राज्य प्रशासन यात्रियों की सुविधा के लिए बसों में सुरक्षा के समाने के साथ सलिपिंग बैग, कंबल, भह मुहैया करवाए है। उधर, जानीपुर क्षीर भवानी मंदिर में रविवार को श्रद्धालुओं ने भजन कीर्तन किया। इससे माहौल भक्तिमय बना रहा।
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कश्मीरी पंडित समुदाय के लोगों में क्षीर भवानी माता के प्रति विशेष आस्था है। इसको देखते हुए राहत आयुक्त टीके भट्ट ने यात्रियों की सुविधा के लिए पर्याप्त इंतजाम किए हैं। राज्य प्रशासन ने कश्मीर पंडितों के लिए बसों का इंतजाम किया है। टीके भट्ट ने कहा कि श्रद्धालुओं के लिए बेहतर यातायात, सुरक्षा और अन्य सुविधा का जायजा लेने के लिए व्यक्तिगत दौरा किया है।
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इस दौरान एपीएमसीसी के चेयरमैन विनोद पंडित ने कहा कि क्षीर भवानी मंदिर के प्रति कश्मीरी पंडितों की विशेष आस्था है और इस बार 60 से 70 हजार लोग मेले में शामिल हो रहे हैं। उन्होंने कश्मीर में आतंकी साया होने के बाद कश्मीरी पंडित अपनी संस्कृति और रीति रिवजा से जुड़ने के लिए हर वर्ष बिना किसी डर के आते है।
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माता के प्रति लोगों की आस्था के कारण आज क्षीर भवानी मेला में न सिर्फ कश्मीरी पंडित बल्कि राज्य के अन्य लोग में भी भाग लेते है। राज्य प्रशासन यात्रियों की सुविधा के लिए बसों में सुरक्षा के समाने के साथ सलिपिंग बैग, कंबल, भह मुहैया करवाए है। उधर, जानीपुर क्षीर भवानी मंदिर में रविवार को श्रद्धालुओं ने भजन कीर्तन किया। इससे माहौल भक्तिमय बना रहा।
सोमवार को प्रात: छह बजे के अलावा शाम 7.30 बजे आरती का आयोजन होगा। इसमें एक साथ हजारों दीये आकर्षण का केंद्र बनेंगे। सूरज की पहली किरण के साथ ही मंदिर में भक्तों का पहुंचना शुरू होगा और यह सिलसिला देर रात तक जारी रहेगा। रविवार को भी सैकड़ों श्रद्धालु मंदिर पहुंचे थे। मां का श्रृंगार कर विभिन्न किस्म का भोग लगाया गया।
प्रसाद के रूप में ड्राई फ्रूट, कंड(शूगर कैंडी से बना)दूध और विशेष रूप से खीर चढ़ाई जाती है। मंदिरों में फूलों से विशेष सजावट की गई है। मेले के दौरान जानीपुर प्रमुख सड़क से मंदिर परिसर तक दर्जनों स्टाल लगाए जाते हैं। स्टालों पर श्रद्धालुओं की खासी भीड़ पहुंचती है।
राज्यपाल ने दी बधाई
राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने रियासत के लोगों को क्षीर भवानी मेले की बधाई दी है। उन्होंने मेले को आपसी भाईचारा और सांप्रदायिक सद्भाव को मजबूत करने वाला बताते हुए शांति, प्रगति और खुशहाली की कामना की है।
प्रसाद के रूप में ड्राई फ्रूट, कंड(शूगर कैंडी से बना)दूध और विशेष रूप से खीर चढ़ाई जाती है। मंदिरों में फूलों से विशेष सजावट की गई है। मेले के दौरान जानीपुर प्रमुख सड़क से मंदिर परिसर तक दर्जनों स्टाल लगाए जाते हैं। स्टालों पर श्रद्धालुओं की खासी भीड़ पहुंचती है।
राज्यपाल ने दी बधाई
राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने रियासत के लोगों को क्षीर भवानी मेले की बधाई दी है। उन्होंने मेले को आपसी भाईचारा और सांप्रदायिक सद्भाव को मजबूत करने वाला बताते हुए शांति, प्रगति और खुशहाली की कामना की है।