कश्मीरी छात्रों ने बना डाला नासा के उपग्रह का क्लोन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कश्मीर के दो छात्रों ने नासा द्वारा मंगल ग्रह पर भेजे गए 'क्यूरोसिटी मार्स रोवर' का क्लोन बनाकर तैयार किया है। ये दोनों ही युवक कश्मीर गवर्नमेंट पॉलिटेक्निक के पूर्व छात्र है। इन युवकों ने इस रोवर रोबोट का नाम 'एसएएस-313' रखा है।
इस रोवर रोबोट की लंचिंग श्रीनगर के एक होटल में रखी गई थी। इसमें कश्मीर गवर्नमेंट पॉलिटेक्निक शिक्षकों एंव छात्रों ने भाग लिया। शोइब सफी कौल, शहनवाज़ शफी और उनके पंजाब के एक दोस्त अथर अब्दाली का दावा है कि यह रोवर नासा के रोवर की तरह ही काम करता है।
कश्मीर गवर्नमेंट पॉलिटेक्निक के प्रिंसिपल ने इन छात्रों को बधाई देते हुए कहा कि यह रोबर मंगल ग्रह पर काम करने वाले मार्स रोवर की तरह ही कम कर सकता है। ये तीनों छात्र बीटेक फाइनल ईयर के हैं।
ये छात्र पहले बना चुके है ड्रोन
इस रोवर का कुल बजन 15 किलो है। इसको चलाने के लिए छह पहियों का उपयोग किया है। इसमें एक कैमरा लगाया गया है जो 360 डिग्री पर घूम सकते है। साथ इसमें वायरलेस चाजिंग की सुविधा भी है।
इसके काम करने की क्षमता लगभग एक किलोमीटर के आसपास है। नासा का क्यूरोसिटी रोवर मंगल पर पानी की मौजूदगी और जीवन के नए साक्ष्य खोज निकाले के लिए भेजा गया है। वहीं पर यह रोवर मंगल की जलवायु, माइक्रोबियल लाइफ की खोज कर रहा है।
आपको बताते चलें कि शोइब और शहनवाज़ जब केजीपी श्रीनगर के छात्र थे तब इन्होंने एक कॉप्टर ड्रोन बनाया था।