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कश्मीर: पुलवामा में पूर्व सरपंच की हत्या के बाद राजनीतिक दलों में खौफ
अमृतपाल सिंह बाली, अमर उजाला/श्रीनगर
Updated Sat, 18 Mar 2017 11:39 AM IST
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आतंकवादी
- फोटो : Demo Pic.
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दक्षिणी कश्मीर के पुलवामा जिले में हाल ही में लश्कर के आतंकियों द्वारा पूर्व सरपंच को अगवा कर हत्या कर दी गई थी। इससे सियासी दलों में खौफ का माहौल है। इस घटना के बाद राजनीतिक दल सुरक्षा बढ़ाने पर जोर दे रहे हैं।
इस मामले में पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला का कहना है कि दक्षिणी कश्मीर में राजनीतिक गतिविधियों को अंजाम देने में काफी चुनौतियां सामने आती हैं। चुनाव आयोग को ऐसा माहौल बनाना चाहिए जिससे मतदाता अपने घरों से निकलकर वोट डाल सकें। बुधवार को उमर अब्दुल्ला ने फिर से सुरक्षा का मसले को उठाया।
उन्होंने कहा कि मौजूदा सरकार विपक्षी दलों के खिलाफ ऐसे कदम उठा रही है, जिससे वे चुनाव प्रचार के लिए बाहर न निकल पाएं। इसके लिए विपक्षी नेताओं की सुरक्षा को कम किया जा रहा है। बुलेट प्रूफ गाड़ियों के साथ ही एस्कॉर्ट की गाडियां भी वापस ली जा रही हैं। इतना ही नहीं जिन प्रत्याशियों ने 2014 में चुनाव लड़ा था, उन्हें बिना पीएसओ के रहने को कहा जा रहा है।
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उमर ने चुनाव आयोग से अपील की है कि वह राज्य सरकार को आवश्यक सुरक्षा प्रदान करने के निर्देश दे, ताकि चुनावी प्रचार को सही ढंग से किया जा सके।
वहीं, कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष ने भी चुनाव आयोग से अनुकूल माहौल बनाने की गुहार लगाई है, ताकि चुनावी प्रक्रिया को अंजाम दिया जा सके। उन्होंने कहा कि न केवल राजनीतिक दलों के कार्यवाहकों, कार्यकर्ताओं की बल्कि आम जनता की सुरक्षा को सुनिश्चित बनाया जाना चाहिए।
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इस मामले में पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला का कहना है कि दक्षिणी कश्मीर में राजनीतिक गतिविधियों को अंजाम देने में काफी चुनौतियां सामने आती हैं। चुनाव आयोग को ऐसा माहौल बनाना चाहिए जिससे मतदाता अपने घरों से निकलकर वोट डाल सकें। बुधवार को उमर अब्दुल्ला ने फिर से सुरक्षा का मसले को उठाया।
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उन्होंने कहा कि मौजूदा सरकार विपक्षी दलों के खिलाफ ऐसे कदम उठा रही है, जिससे वे चुनाव प्रचार के लिए बाहर न निकल पाएं। इसके लिए विपक्षी नेताओं की सुरक्षा को कम किया जा रहा है। बुलेट प्रूफ गाड़ियों के साथ ही एस्कॉर्ट की गाडियां भी वापस ली जा रही हैं। इतना ही नहीं जिन प्रत्याशियों ने 2014 में चुनाव लड़ा था, उन्हें बिना पीएसओ के रहने को कहा जा रहा है।
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उमर ने चुनाव आयोग से अपील की है कि वह राज्य सरकार को आवश्यक सुरक्षा प्रदान करने के निर्देश दे, ताकि चुनावी प्रचार को सही ढंग से किया जा सके।
वहीं, कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष ने भी चुनाव आयोग से अनुकूल माहौल बनाने की गुहार लगाई है, ताकि चुनावी प्रक्रिया को अंजाम दिया जा सके। उन्होंने कहा कि न केवल राजनीतिक दलों के कार्यवाहकों, कार्यकर्ताओं की बल्कि आम जनता की सुरक्षा को सुनिश्चित बनाया जाना चाहिए।