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J&K: साढ़े तीन लाख कर्मचारियों के समूह बीमा का होगा नवीकरण, सरकार ने तीन समितियों का किया गठन
Thu, 27 Oct 2022 04:06 PM IST
kumar गुलशन कुमार
अमर उजाला नेटवर्क, जम्मू
अमर उजाला नेटवर्क, जम्मू
Published by: kumar गुलशन कुमार
Updated Thu, 27 Oct 2022 04:06 PM IST
सार
योजना में बीमा धारक को दस लाख रुपये का कवर दिया जा रहा है। इसमें दिसंबर से उनके खाते से सालाना एकमुश्त प्रीमियम की राशि काटी जा रही है। पिछली बीमा अवधि के तहत नई बीमा योजना दो दिसंबर से प्रभावी होगी।
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दो नए केंद्र शासित प्रदेशों में बंटा जम्मू-कश्मीर
- फोटो : Amar Ujala
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विस्तार
जम्मू-कश्मीर में साढ़े तीन लाख सरकारी कर्मचारियों (गजटेड और नॉन गजटेड) के समूह व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा योजना का नवीकरण किया जाएगा। इस बीमा में पीएसयू, स्वायत्तशासी निकाय, स्थानीय निकाय, विश्वविद्यालय, दैनिक वेतन भोगी, संविदा, अस्थायी, कांटिजेंट पेड वर्कर्स और एसपीओ को भी लाभ दिया जा रहा है।
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एक दिसंबर, 2022 को बीमा योजना खत्म हो रही है, जिसके बाद अगले तीन साल के लिए बीमा योजना के नवीकरण की तैयारी की जा रही है। इस प्रक्रिया के लिए वित्त विभाग की ओर से तीन समितियों का गठन किया गया है।
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योजना में बीमा धारक को दस लाख रुपये का कवर दिया जा रहा है। इसमें दिसंबर से उनके खाते से सालाना एकमुश्त प्रीमियम की राशि काटी जा रही है। पिछली बीमा अवधि के तहत नई बीमा योजना दो दिसंबर से प्रभावी होगी। मौजूदा ओरिएंटल इंश्योरेंस कंपनी के साथ बीमा करार किया गया है। सरकार ने बीमा योजना के नवीकरण की प्रक्रिया को पूरा करने के लिए तीन समितियों का गठन किया है।
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इसमें तकनीकी बोली के मूल्यांकन वाली समिति में निदेशक जनरल (कोड्स) वित्त विभाग, विशेष सचिव सामान्य प्रशासनिक विभाग, विशेष सचिव कानून, न्याय व पीए विभाग, निदेशक बजट वित्त विभाग और अतिरिक्त सचिव वित्त विभाग शामिल हैं। इसी तरह वित्त बोली के मूल्यांकन वाली समिति में निदेशक जनरल (अकाउंट व ट्रेजरी) वित्त विभाग, निदेशक जनरल (कोड्स) वित्त विभाग, निदेशक जनरल वित्त विभाग और उप निदेशक (कोड्स) वित्त विभाग शामिल हैं।
इन अधिकारियों को सौंपा गया जिम्मा
निविदा दस्तावेज को फ्रेम करने और निविदा को खोलने की प्रक्रिया वाली समिति में वित्त विभाग के संयुक्त निदेशक (बजट) शफात येहया, उपनिदेशक रिर्सोसेस वित्त विभाग जसविंदर सिंह, सीएओ कोड्स सेक्शन वित्त विभाग शफात रहमान और उपनिदेशक बजट वित्त विभाग शाहनवाज अहमद शामिल हैं। ई निविदा प्रक्रिया को पूरा करने के लिए कंप्यूटर समीक्षक मुख्य सचिव कार्यालय वजाहत ताहिर सहयोग करेंगे। जीईएम पर निविदा को आमंत्रित करने की प्रक्रिया जीईएम को-आर्डिनेटर सार्थक खोड़ा करेंगे।