जम्मू-कश्मीर सरकार ने फिर की अनंतनाग में चुनाव टालने की मांग, EC को भेजा पत्र
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रियासती सरकार ने एक बार फिर अनंतनाग उपचुनाव को स्थगित करने के लिए चुनाव आयोग को पत्र भेजा है। शुक्रवार को नए मुख्य सचिव के हस्ताक्षर से भेजे गए पत्र में घाटी के हालात को देखते हुए अक्टूबर के बाद चुनाव कराने का आग्रह किया गया है। इसके साथ ही चुनाव के लिए 687 कंपनी सुरक्षा बलों की मांग की गई है। सीईओ शांतमनु ने बताया कि जल्द ही इस बारे में फैसला हो जाएगा।
सूत्रों ने बताया कि आयोग ने चुनाव के संबंध में गृह मंत्रालय, राज्य सरकार तथा सीईओ से नए सिरे से रिपोर्ट मांगी थी। फिलहाल गृह मंत्रालय की ओर से रिपोर्ट नहीं भेजी गई है। शुक्रवार को रियासती सरकार ने आयोग को पत्र भेजकर कहा कि फिलहाल घाटी का माहौल चुनाव के अनुकूल नहीं है। ऐसे में चुनाव कराए जाने से हिंसा और भड़क सकती है। आग्रह किया गया है कि चुनाव को अक्टूबर या उसके बाद कराया जाए।
श्रीनगर सीट पर हुए उप चुनाव में भारी हिंसा के बाद अनंतनाग का चुनाव 25 मई तक के लिए टाल दिया गया था। इसके बाद राज्य सरकार ने चुनाव को टालने के लिए कानून व्यवस्था का हवाला देते हुए आयोग को रिपोर्ट भेजी थी।
चुनाव आयोग ने हासिल की रिपोर्ट
इस पर आयोग की दो सदस्यीय टीम ने सोमवार को वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिये सुरक्षा के हालात की सीईओ, संबंधित डीसी व एसएसपी से रिपोर्ट हासिल की। इस पूरी प्रक्रिया के बाद आयोग ने नए सिरे से गृह मंत्रालय, राज्य सरकार तथा सीईओ से चुनाव कराने के बाद रिपोर्ट तलब की थी।
सूत्रों का कहना है कि गृह मंत्रालय की रिपोर्ट के बाद आयोग की फुल बेंच की बैठक होगी। इसमें चुनाव कराए जाने का फैसला किया जाएगा। पीडीपी चुनाव टालने के पक्ष में है जबकि विपक्ष तय समय पर ही चुनाव कराना चाहता है। इस संबंध में नेकां तथा कांग्रेस के प्रतिनिधिमंडल ने चुनाव आयोग का भी दरवाजा खटखटाया है।